Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

फतेहपुर में बंद कमरे का खौफनाक सच: जहर, चाय के कप और खून से सनी ब्लेडें...मां-बेटे समेत तीन की मौत, सुसाइड नोट ने खोले कई राज

फतेहपुर में बंद कमरे का खौफनाक सच: जहर, चाय के कप और खून से सनी ब्लेडें...मां-बेटे समेत तीन की मौत, सुसाइड नोट ने खोले कई राज
फतेहपुर के चौफेरवा गांव में एक साथ मां बेटे और चाचा ने किया सुसाइड क्या है उस सुसाइड नोट का रहस्य (फाइल फोटो) Image Credit Original Source

फतेहपुर के चौफेरवा गांव में बंद कमरे से मां, बेटे और चाचा के खून से सने शव मिलने से सनसनी फैल गई. कमरे में जहर की पुड़िया, चाय के कप और ब्लेड मिलीं. पुलिस को सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें कर्ज और धमकियों का जिक्र है. मामले की जांच जारी है.

Fatehpur Crime News: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले की सदर कोतवाली क्षेत्र के चौफेरवा गांव में बुधवार शाम ऐसा खौफनाक मंजर सामने आया जिसने पूरे इलाके को दहला दिया. एक बंद कमरे में मां, बेटे और चाचा खून से लथपथ हालत में पड़े मिले. कमरे में जहर की पुड़िया, खाली चाय के कप और खून से सनी ब्लेडें बिखरी थीं. जब दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का दृश्य देख लोगों की रूह कांप उठी. पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है जिसने इस रहस्यमयी घटना को और गंभीर बना दिया.

बंद कमरे का दरवाजा टूटा तो सामने आया मौत का मंजर

चौफेरवा गांव में बुधवार शाम उस समय हड़कंप मच गया जब सुशील कुमार श्रीवास्तव अपने घर लौटे और दरवाजा अंदर से बंद पाया. काफी देर तक आवाज देने के बाद भी जब कोई जवाब नहीं मिला तो उन्हें अनहोनी का अंदेशा हुआ. उन्होंने तुरंत पड़ोसियों को बुलाया और पुलिस को सूचना दी.

पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से जब सब्बल से दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का नजारा बेहद भयावह था. कमरे की फर्श खून से लाल थी. दीवारों और बिस्तर तक पर खून के छींटे पड़े हुए थे. फर्श पर 55 वर्षीय सुशीला श्रीवास्तव और उनके 28 वर्षीय बेटे अमर श्रीवास्तव के शव पड़े थे. दोनों की गर्दन ब्लेड से कटी हुई थी.

कमरे के एक कोने में सुनील कुमार श्रीवास्तव उर्फ गुड्डू गंभीर रूप से घायल हालत में तड़प रहे थे. उनके गले से लगातार खून बह रहा था. उन्हें तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

Read More: Fatehpur News: 5 रुपये में 28 लाख का सपना ! लालच में फंसा योगेंद्र, साइबर ठगों ने लगाया लाखों का चूना

कमरे में मिली जहर की पुड़िया, चाय के कप और कई ब्लेड

घटनास्थल का निरीक्षण करने पर पुलिस को कई चौंकाने वाले साक्ष्य मिले. कमरे की फर्श पर खून से सनी दो ब्लेड पड़ी थीं. पास ही सल्फास का पाउच और एक केमिकल का डिब्बा मिला. दो गिलासों से तेज जहर जैसी गंध आ रही थी.

Read More: UP Panchayat Ghotala: फतेहपुर की इस पंचायत में 1500000 का घोटाला, डीएम की नोटिस, क्या प्रधान सचिव पर होगी कार्रवाई?

कमरे में चाय के खाली कप और एक प्लेट में गुझिया भी मिली. इन चीजों से अंदेशा लगाया जा रहा है कि घटना से पहले कमरे में सामान्य माहौल रहा होगा और तीनों ने कुछ खाया-पिया भी था.

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में बाबू कांड ने पकड़ा तूल ! पत्नी ने DIOS और पूर्व BJP जिलाध्यक्ष के खिलाफ दी तहरीर, डीएम ने बैठाई जांच

फॉरेंसिक टीम ने मौके से खून के नमूने, ब्लेड, गिलास और अन्य वस्तुओं को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है. पुलिस पूरे घटनाक्रम को वैज्ञानिक तरीके से समझने की कोशिश कर रही है ताकि मौत का असली कारण स्पष्ट हो सके.

कर्ज और धमकियों का जिक्र करता मिला सुसाइड नोट

जांच के दौरान पुलिस को एक महत्वपूर्ण सुराग भी मिला. फील्ड यूनिट को कमरे से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ जो कथित तौर पर अमर श्रीवास्तव द्वारा लिखा गया है. अमर के पिता सुशील श्रीवास्तव ने भी इस नोट को अपने बेटे की लिखावट बताया है.

सुसाइड नोट में अमर ने लिखा है कि वह काफी समय से कर्ज में डूबा हुआ था और कुछ असामाजिक तत्व उसे लगातार परेशान कर रहे थे. नोट में यह भी उल्लेख किया गया है कि उसे एससी/एसटी एक्ट में फंसाने की धमकी दी जा रही थी. पुलिस इस नोट को जांच का अहम आधार मान रही है. हालांकि अधिकारियों का कहना है कि अन्य पहलुओं से इस घटना की जांच की जाएगी.

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, बेटी शव देखकर हुई बेहोश

घटना की खबर मिलते ही पूरे मोहल्ले में अफरा-तफरी मच गई. जब सुशील श्रीवास्तव की बेटी दीपिका अपने मायके पहुंची और मां तथा भाई के शव देखे तो वह बेसुध होकर गिर पड़ी. मौजूद लोगों ने किसी तरह उसे संभाला.

परिवार के लोगों के लिए यह घटना किसी सदमे से कम नहीं है. सुशील श्रीवास्तव बार-बार यही कहते रहे कि जब वह सुबह घर से बेटी के ससुराल गए थे तब सब कुछ ठीक था. घर में किसी तरह का विवाद या तनाव नजर नहीं आया था.

परिजनों के अनुसार अमर परिवार का इकलौता बेटा था. उसकी एक बहन दीपिका है जिसकी शादी शहर के पीरनपुर मोहल्ले में हुई है. परिवार पहले शहर के मुराइन टोला में रहता था लेकिन करीब तीन साल पहले वहां का घर बेचकर चौफेरवा में नया मकान बनाकर रहने लगे थे.

पुलिस की जांच में आत्महत्या की आशंका, कई सवाल बाकी

घटना की सूचना मिलते ही एएसपी महेंद्र पाल सिंह और सीओ सिटी प्रमोद शुक्ला मौके पर पहुंचे. देर रात आईजी प्रयागराज जोन भी मौके पर पहुंचे. पुलिस ने पूरे कमरे को सील कर जांच शुरू कर दी है. शुरुआती जांच में पुलिस को संघर्ष के कोई स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं.

पुलिस के अनुसार तीनों के गले और कलाई पर ब्लेड से कटने के निशान हैं. कमरे का दरवाजा भी अंदर से बंद था, जिससे प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है. फिर भी कई सवाल अब भी अनसुलझे हैं. इन सवालों का जवाब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही शायद स्पष्ट कर पाएगी.

लाइव अपडेट

Mar 12, 2026 · 03:32 AM · Vishwa Deepak Awasthi
फतेहपुर में एक ही परिवार के तीन लोगों द्वारा की गई घटना पर आईजी प्रयागराज के क्या कहा?
12 Mar 2026 By Vishwa Deepak Awasthi

फतेहपुर में बंद कमरे का खौफनाक सच: जहर, चाय के कप और खून से सनी ब्लेडें...मां-बेटे समेत तीन की मौत, सुसाइड नोट ने खोले कई राज

Fatehpur Crime News: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले की सदर कोतवाली क्षेत्र के चौफेरवा गांव में बुधवार शाम ऐसा खौफनाक मंजर सामने आया जिसने पूरे इलाके को दहला दिया. एक बंद कमरे में मां, बेटे और चाचा खून से लथपथ हालत में पड़े मिले. कमरे में जहर की पुड़िया, खाली चाय के कप और खून से सनी ब्लेडें बिखरी थीं. जब दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का दृश्य देख लोगों की रूह कांप उठी. पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है जिसने इस रहस्यमयी घटना को और गंभीर बना दिया.

बंद कमरे का दरवाजा टूटा तो सामने आया मौत का मंजर

चौफेरवा गांव में बुधवार शाम उस समय हड़कंप मच गया जब सुशील कुमार श्रीवास्तव अपने घर लौटे और दरवाजा अंदर से बंद पाया. काफी देर तक आवाज देने के बाद भी जब कोई जवाब नहीं मिला तो उन्हें अनहोनी का अंदेशा हुआ. उन्होंने तुरंत पड़ोसियों को बुलाया और पुलिस को सूचना दी.

पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से जब सब्बल से दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का नजारा बेहद भयावह था. कमरे की फर्श खून से लाल थी. दीवारों और बिस्तर तक पर खून के छींटे पड़े हुए थे. फर्श पर 55 वर्षीय सुशीला श्रीवास्तव और उनके 28 वर्षीय बेटे अमर श्रीवास्तव के शव पड़े थे. दोनों की गर्दन ब्लेड से कटी हुई थी.

कमरे के एक कोने में सुनील कुमार श्रीवास्तव उर्फ गुड्डू गंभीर रूप से घायल हालत में तड़प रहे थे. उनके गले से लगातार खून बह रहा था. उन्हें तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

कमरे में मिली जहर की पुड़िया, चाय के कप और कई ब्लेड

घटनास्थल का निरीक्षण करने पर पुलिस को कई चौंकाने वाले साक्ष्य मिले. कमरे की फर्श पर खून से सनी दो ब्लेड पड़ी थीं. पास ही सल्फास का पाउच और एक केमिकल का डिब्बा मिला. दो गिलासों से तेज जहर जैसी गंध आ रही थी.

कमरे में चाय के खाली कप और एक प्लेट में गुझिया भी मिली. इन चीजों से अंदेशा लगाया जा रहा है कि घटना से पहले कमरे में सामान्य माहौल रहा होगा और तीनों ने कुछ खाया-पिया भी था.

फॉरेंसिक टीम ने मौके से खून के नमूने, ब्लेड, गिलास और अन्य वस्तुओं को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है. पुलिस पूरे घटनाक्रम को वैज्ञानिक तरीके से समझने की कोशिश कर रही है ताकि मौत का असली कारण स्पष्ट हो सके.

कर्ज और धमकियों का जिक्र करता मिला सुसाइड नोट

जांच के दौरान पुलिस को एक महत्वपूर्ण सुराग भी मिला. फील्ड यूनिट को कमरे से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ जो कथित तौर पर अमर श्रीवास्तव द्वारा लिखा गया है. अमर के पिता सुशील श्रीवास्तव ने भी इस नोट को अपने बेटे की लिखावट बताया है.

सुसाइड नोट में अमर ने लिखा है कि वह काफी समय से कर्ज में डूबा हुआ था और कुछ असामाजिक तत्व उसे लगातार परेशान कर रहे थे. नोट में यह भी उल्लेख किया गया है कि उसे एससी/एसटी एक्ट में फंसाने की धमकी दी जा रही थी. पुलिस इस नोट को जांच का अहम आधार मान रही है. हालांकि अधिकारियों का कहना है कि अन्य पहलुओं से इस घटना की जांच की जाएगी.

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, बेटी शव देखकर हुई बेहोश

घटना की खबर मिलते ही पूरे मोहल्ले में अफरा-तफरी मच गई. जब सुशील श्रीवास्तव की बेटी दीपिका अपने मायके पहुंची और मां तथा भाई के शव देखे तो वह बेसुध होकर गिर पड़ी. मौजूद लोगों ने किसी तरह उसे संभाला.

परिवार के लोगों के लिए यह घटना किसी सदमे से कम नहीं है. सुशील श्रीवास्तव बार-बार यही कहते रहे कि जब वह सुबह घर से बेटी के ससुराल गए थे तब सब कुछ ठीक था. घर में किसी तरह का विवाद या तनाव नजर नहीं आया था.

परिजनों के अनुसार अमर परिवार का इकलौता बेटा था. उसकी एक बहन दीपिका है जिसकी शादी शहर के पीरनपुर मोहल्ले में हुई है. परिवार पहले शहर के मुराइन टोला में रहता था लेकिन करीब तीन साल पहले वहां का घर बेचकर चौफेरवा में नया मकान बनाकर रहने लगे थे.

पुलिस की जांच में आत्महत्या की आशंका, कई सवाल बाकी

घटना की सूचना मिलते ही एएसपी महेंद्र पाल सिंह और सीओ सिटी प्रमोद शुक्ला मौके पर पहुंचे. देर रात आईजी प्रयागराज जोन भी मौके पर पहुंचे. पुलिस ने पूरे कमरे को सील कर जांच शुरू कर दी है. शुरुआती जांच में पुलिस को संघर्ष के कोई स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं.

पुलिस के अनुसार तीनों के गले और कलाई पर ब्लेड से कटने के निशान हैं. कमरे का दरवाजा भी अंदर से बंद था, जिससे प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है. फिर भी कई सवाल अब भी अनसुलझे हैं. इन सवालों का जवाब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही शायद स्पष्ट कर पाएगी.

Latest News

Accident In Fatehpur: फतेहपुर में बारातियों से भरी बस डंपर से टकराकर पलटी, बड़ी संख्या में घायल Accident In Fatehpur: फतेहपुर में बारातियों से भरी बस डंपर से टकराकर पलटी, बड़ी संख्या में घायल
फतेहपुर के असोथर क्षेत्र में शनिवार रात बारातियों से भरी मिनी बस डंपर से टकराकर खंती में पलट गई. हादसे...
आज का राशिफल 25 अप्रैल 2026: शनिवार के दिन कैसे रहेंगे आपके ग्रह, जानिए दैनिक भाग्यफल में क्या कहते हैं सितारे
Fatehpur News: फतेहपुर में पूर्व मंत्री धुन्नी सिंह की तहरीर पर सपा मीडिया सेल के एक्स अकाउंट पर दर्ज हुआ मुकदमा
Uttar Pradesh: यूपी के किसान 30 तारीख तक करा लें ये काम, नहीं बंद हो जाएगा सरकारी योजनाओं का लाभ
Fatehpur News: बेटे की शादी का कार्ड बांटने निकले पिता और भतीजे की मौत, खुशियां बदलीं मातम में
UP Board Results 2026: फतेहपुर के अभिषेक तिवारी ने रचा इतिहास ! किसान के बेटे ने 97% अंक लाकर प्रदेश में हासिल की 5वीं रैंक
आज का राशिफल 24 अप्रैल 2026: मेष से लेकर मीन तक क्या कहते हैं आपके ग्रह, जानिए दैनिक भाग्यफल

Follow Us