फतेहपुर हादसा: कच्चा मकान ढहने से मां-बेटे समेत तीन की मौत, चार बच्चे गंभीर
Fatehpur News In Hindi
उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के फतेहपुर जिले के बिंदकी क्षेत्र में सोमवार तड़के बड़ा हादसा हो गया. लगातार बारिश के चलते हरदौली गांव में कच्चा मकान भरभराकर गिर गया. मलबे में दबकर मां-बेटे समेत तीन लोगों की मौत हो गई जबकि परिवार के चार बच्चे गंभीर रूप से घायल हैं. पूरे गांव में मातम का माहौल है.
Fatehpur Bindki News: यूपी के फतेहपुर जिले के बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के हरदौली गांव में सोमवार भोर पहर दिल दहला देने वाला हादसा हुआ. लगातार हो रही बारिश के बीच एक कच्चा मकान अचानक ढह गया, जिससे सात लोग मलबे के नीचे दब गए. ग्रामीणों की मदद से सभी को बाहर निकाला गया लेकिन मां-बेटे समेत तीन लोगों ने दम तोड़ दिया. चार बच्चे जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं.
आफत की बारिश बनी मौत की दस्तक
फतेहपुर जिले में रविवार से लगातार बारिश हो रही है. इसी दौरान हरदौली गांव निवासी मुकेश कुमार (50) का परिवार अपने कच्चे मकान के बरामदे में रात को सो रहा था. सोमवार सुबह करीब चार बजे अचानक छत और दीवार भरभराकर गिर गई. पूरा परिवार मलबे के नीचे दब गया. ग्रामीणों के अनुसार हादसा इतना भयावह था कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई.
मलबे से बाहर निकालने में लगी आधे घंटे की मशक्कत
आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर जुटे और फावड़ों से मलबा हटाना शुरू किया. करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद सातों लोगों को बाहर निकाला जा सका. सभी को गंभीर हालत में सीएचसी बिंदकी पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने मुकेश कुमार और उनकी 85 वर्षीय मां माधुरी को मृत घोषित कर दिया.
जिला अस्पताल में टूटी सांसों की डोर
गांव में पसरा मातम और सन्नाटा
हरदौली गांव में हादसे के बाद मातम का माहौल है. एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत से पूरा गांव गमगीन है. ग्रामीणों ने बताया कि मकान पुराना और जर्जर हो चुका था. लगातार हो रही बारिश से दीवार और छत कमजोर हो गई थी, जिसके कारण यह हादसा हुआ. पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति भी बेहद कमजोर बताई जा रही है.
प्रशासन ने संभाली स्थिति
सूचना मिलते ही बिंदकी पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम भेज दिया है. क्षेत्राधिकारी बिंदकी प्रगति यादव ने बताया कि तीन लोगों की मौत हुई है आगे की कार्रवाई की जा रही है. साथ ही पीड़ित परिवार को हरसंभव सरकारी मदद दिलाई जाएगी. जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग ने भी राहत और सहायता की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
फतेहपुर हादसा: कच्चा मकान ढहने से मां-बेटे समेत तीन की मौत, चार बच्चे गंभीर
Fatehpur News In Hindi
Fatehpur Bindki News: यूपी के फतेहपुर जिले के बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के हरदौली गांव में सोमवार भोर पहर दिल दहला देने वाला हादसा हुआ. लगातार हो रही बारिश के बीच एक कच्चा मकान अचानक ढह गया, जिससे सात लोग मलबे के नीचे दब गए. ग्रामीणों की मदद से सभी को बाहर निकाला गया लेकिन मां-बेटे समेत तीन लोगों ने दम तोड़ दिया. चार बच्चे जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं.
आफत की बारिश बनी मौत की दस्तक
फतेहपुर जिले में रविवार से लगातार बारिश हो रही है. इसी दौरान हरदौली गांव निवासी मुकेश कुमार (50) का परिवार अपने कच्चे मकान के बरामदे में रात को सो रहा था. सोमवार सुबह करीब चार बजे अचानक छत और दीवार भरभराकर गिर गई. पूरा परिवार मलबे के नीचे दब गया. ग्रामीणों के अनुसार हादसा इतना भयावह था कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई.
मलबे से बाहर निकालने में लगी आधे घंटे की मशक्कत
आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर जुटे और फावड़ों से मलबा हटाना शुरू किया. करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद सातों लोगों को बाहर निकाला जा सका. सभी को गंभीर हालत में सीएचसी बिंदकी पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने मुकेश कुमार और उनकी 85 वर्षीय मां माधुरी को मृत घोषित कर दिया.
जिला अस्पताल में टूटी सांसों की डोर
चिकित्सकों ने गंभीर हालत को देखते हुए मुकेश की पत्नी रन्नो देवी (47) और चार बच्चों क्षमा (22), प्रकाशनी (16), कामिनी (12) और प्रखर (11) को जिला अस्पताल रेफर कर दिया. लेकिन इलाज के दौरान रन्नो देवी की भी मौत हो गई. इस तरह हादसे में मृतकों की संख्या तीन हो गई है. जबकि चारों बच्चों की हालत नाजुक बनी हुई है.
गांव में पसरा मातम और सन्नाटा
हरदौली गांव में हादसे के बाद मातम का माहौल है. एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत से पूरा गांव गमगीन है. ग्रामीणों ने बताया कि मकान पुराना और जर्जर हो चुका था. लगातार हो रही बारिश से दीवार और छत कमजोर हो गई थी, जिसके कारण यह हादसा हुआ. पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति भी बेहद कमजोर बताई जा रही है.
प्रशासन ने संभाली स्थिति
सूचना मिलते ही बिंदकी पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम भेज दिया है. क्षेत्राधिकारी बिंदकी प्रगति यादव ने बताया कि तीन लोगों की मौत हुई है आगे की कार्रवाई की जा रही है. साथ ही पीड़ित परिवार को हरसंभव सरकारी मदद दिलाई जाएगी. जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग ने भी राहत और सहायता की प्रक्रिया शुरू कर दी है.