Fatehpur News: भाजपा नेता रिंकू लोहारी भेजा गया कानपुर जेल ! वजह कुछ ये बताई जा रही है
फतेहपुर के हसवा में हाईवे किनारे करोड़ों की जमीन पर कब्जे को लेकर हुई फायरिंग के मामले में जेल में बंद भाजपा जिला पंचायत सदस्य अजय सिंह उर्फ रिंकू लोहारी को फतेहपुर जिला जेल से कानपुर जिला जेल भेज दिया गया है. जेल प्रशासन की ओर से सुरक्षा कारणों को इस स्थानांतरण की वजह बताया जा रहा है. मामले में अब तक सात आरोपी जेल जा चुके हैं.
Fatehpur News: फतेहपुर के थरियांव थाना क्षेत्र के हसवा में जमीन कब्जे को लेकर हुई ताबड़तोड़ फायरिंग के मामले में जेल में बंद भाजपा नेता और जिला पंचायत सदस्य अजय सिंह उर्फ रिंकू लोहारी को कानपुर जिला जेल भेज दिया गया है. रिंकू लोहारी को फतेहपुर जिला जेल से स्थानांतरित किया गया है. अचानक हुए इस जेल ट्रांसफर को लेकर चर्चाएं तेज हैं. हालांकि, जेल प्रशासन की ओर से सुरक्षा कारणों का हवाला दिया जा रहा है.
हसवा में करोड़ों की जमीन को लेकर भिड़े थे दो पक्ष
पूरा मामला थरियांव थाना क्षेत्र की हसवा चौकी के पास का है. 16 सितंबर को कानपुर-प्रयागराज हाईवे से सटी करोड़ों रुपये की जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए थे.

अचानक चली गोलियां, हाईवे पर मच गई थी अफरातफरी
विवाद के दौरान अचानक ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू हो गई थी. हाईवे के किनारे गोलियां चलने से वहां अफरातफरी मच गई. घटना के वीडियो भी सामने आए थे, जिसके बाद मामला और सुर्खियों में आ गया.
घटना के शुरुआती दौर में दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर फायरिंग के आरोप लगाए गए थे. पुलिस ने भी मामले की जांच शुरू करते हुए घटनास्थल और सामने आए वीडियो समेत अन्य साक्ष्यों को खंगाला.
जांच में रिंकू लोहारी पक्ष पर फायरिंग का आरोप
विवेचना आगे बढ़ने के साथ पुलिस की जांच में रिंकू लोहारी पक्ष की ओर से फायरिंग किए जाने की बात सामने आई. जांच के दौरान गाजीपुर क्षेत्र के सेवरामऊ निवासी हिस्ट्रीशीटर बलराम मिश्रा की भूमिका भी सामने आई.
इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए भाजपा जिला पंचायत सदस्य अजय सिंह उर्फ रिंकू लोहारी, बलराम मिश्रा, पुत्तू उर्फ नरेंद्र, गुड्डू पटेल और शिवकुमार को गिरफ्तार किया था. सभी आरोपियों को हत्या के प्रयास समेत गंभीर धाराओं में कार्रवाई के बाद जेल भेज दिया गया था.
दो फरार आरोपियों ने बाद में किया सरेंडर
मामले में दीपू पटेल और गजानन मिश्रा फरार चल रहे थे. पुलिस की कार्रवाई के बीच दोनों आरोपियों ने बाद में अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया. कोर्ट की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों को भी जेल भेज दिया गया. इस तरह हसवा फायरिंग मामले में अब तक कुल सात आरोपी जेल पहुंच चुके हैं.
जेल प्रशासन ने ज्यादा जानकारी देने से किया इनकार
रिंकू लोहारी के स्थानांतरण को लेकर फतेहपुर जिला जेल के जेलर जितेंद्र यादव से जानकारी लेने का प्रयास किया गया. लेकिन उन्होंने मामले में विस्तृत जानकारी देने से परहेज किया.
ऐसे में फिलहाल आधिकारिक तौर पर यही सामने आया है कि रिंकू लोहारी को सुरक्षा कारणों के चलते फतेहपुर जिला जेल से कानपुर जिला जेल स्थानांतरित किया गया है.
