Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

फतेहपुर में आज होगा ऐतिहासिक भरत मिलाप: सौ साल पुरानी परंपरा, प्रेम और त्याग की अद्भुत झलक देखने उमड़ेगा जनसैलाब

फतेहपुर में आज होगा ऐतिहासिक भरत मिलाप: सौ साल पुरानी परंपरा, प्रेम और त्याग की अद्भुत झलक देखने उमड़ेगा जनसैलाब
फतेहपुर शहर में आज होगा श्री राम भरत जी का मिलाप सौ साल से अधिक पुरानी है ऐतिहासिक परंपरा (प्रतीकात्मक फोटो): फाइल फोटो वीरेंद्र पांडेय विहिप: Image Credit Original Source

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के शहर में सबसे भव्य आयोजन ‘भरत मिलाप’ आज रात होगा. रामलीला मैदान से लेकर हरिहरगंज ओवरब्रिज और देवीगंज तक होने वाले इस ऐतिहासिक आयोजन में हर साल करीब एक लाख से अधिक लोग शामिल होते हैं. रात करीब ढाई बजे वर्मा चौराहे पर होगा राम-भरत का मिलन.

Fatehpur Bhart Milap: फतेहपुर जिले में दशहरे के बाद से चल रही धार्मिक प्रस्तुतियों का आज सबसे प्रतीक्षित क्षण आने वाला है. महानंद रामलीला कमेटी के तत्वावधान में आयोजित ऐतिहासिक भरत मिलाप का कार्यक्रम आज यानी गुरुवार की रात हरिहरगंज ओवरब्रिज के नीचे संपन्न होगा. सौ साल पुरानी इस परंपरा में हर वर्ष करीब एक लाख श्रद्धालु शामिल होकर राम और भरत के दिव्य मिलन के साक्षी बनते हैं.

शहर में उमंग और श्रद्धा का माहौल

दशहरे के बाद से फतेहपुर में धार्मिक आयोजन पूरे जोश और आस्था के साथ जारी हैं. रामलीला मंचों पर जहां भगवान राम की लीलाओं का मंचन किया जा रहा है, वहीं भरत मिलाप के आयोजन ने पूरे शहर को उल्लास से भर दिया है. सड़कों पर रोशनी की झालरों से सजे रास्ते और आरती की गूंज ने क्षेत्र को दिव्यता से भर दिया है. श्रद्धालु दूर-दूर से पहुंच रहे हैं ताकि इस ऐतिहासिक मिलन के साक्षी बन सकें. शहर के होटल और धर्मशालाएं भक्तों से भर गई हैं.

तैयारियां पूरी, सजे मेले और दुकानें

भरत मिलाप की तैयारियों को लेकर ज्वालागंज, वर्मा चौराहा, कलक्टरगंज, हरिहरगंज क्षेत्र में बीते कई दिनों से गहमा-गहमी बनी हुई है. बुधवार की रात तक दुकानों की सजावट, साउंड सिस्टम की व्यवस्था और रोशनी की तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया.

मेले में लगने वाली दुकानों पर मिठाइयों, खिलौनों और धार्मिक वस्तुओं की भरमार है. आयोजकों ने बताया कि हरिहरगंज ओवरब्रिज के नीचे इस कार्यक्रम को अंतिम रूप दिया जाएगा. श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात की विशेष व्यवस्था की है.

Read More: Fatehpur UPSRTC: अब होली से चालक परिचालक को मिलेगा अतिरिक्त मानदेय, जानिए कब से लागू होगा नया नियम

निकलेगी भव्य झांकियां और सवारियां

भरत मिलाप की शोभा बढ़ाने के लिए आज शाम बड़ी झांकियों और सवारियों का जुलूस निकलेगा. झांकियां रामलीला मैदान से निकलकर हरिहरगंज होते हुए स्टेशन रोड तक भ्रमण करेंगी. भक्तजन जगह-जगह आरती उतारेंगे और जय श्रीराम के नारों से पूरा शहर गूंजेगा. श्रद्धालु झांकियों में राम, लक्ष्मण, सीता और हनुमान के रूप देखकर भावविभोर होंगे. आयोजन समिति के अनुसार, इस बार का आयोजन पहले से अधिक भव्य और ऐतिहासिक रूप में प्रस्तुत किया जाएगा.

Read More: UP News: फतेहपुर की भाजपा जिला उपाध्यक्ष और पति पर ठगी का आरोप, बालू ठेका दिलाने के नाम पर 2.34 करोड़ हड़पे

सदियों पुरानी परंपरा को आगे बढ़ा रहा है फतेहपुर

विहिप के प्रांतीय उपाध्यक्ष वीरेंद्र पांडेय ने बताया कि फतेहपुर में भरत मिलाप की परंपरा सौ साल से अधिक पुरानी है. प्रयागराज से आने वाली झांकियां इस आयोजन को और आकर्षक बनाती हैं. उन्होंने कहा कि रामलीला मैदान से निकलने वाली झांकी वर्मा चौराहे पर पहुंची हैं, जहां करीब रात ढाई बजे के आसपास भरत और श्रीराम का मिलन होता है. पांडेय जी ने बताया कि यह आयोजन हर वर्ष एक लाख से अधिक लोगों की उपस्थिति में संपन्न होता है, जो इसे प्रदेश के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक बनाता है.

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में गजब मामला ! कपड़े बेचने वाला निकला करोड़पति, जांच में खुली सच्चाई

भरत-राम का मिलन: प्रेम, त्याग और एकता की सीख

वीरेंद्र पांडेय कहते हैं कि भरत मिलाप केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि जीवन का संदेश है. एक चक्रवर्ती सम्राट होते हुए भी भरत जी ने अपने भाई के प्रेम में राजसिंहासन तक त्याग दिया. यह दृश्य प्रेम, समर्पण और सहिष्णुता का ऐसा उदाहरण प्रस्तुत करता है जो आज के परिवेश में परिवारों को विघटन से बचाने की सीख देता है. श्रीराम और भरत का मिलन हर युग में त्याग, प्रेम और एकता की अमर मिसाल रहा है, और यही इस आयोजन की आत्मा है.

16 Oct 2025 By Vishwa Deepak Awasthi

फतेहपुर में आज होगा ऐतिहासिक भरत मिलाप: सौ साल पुरानी परंपरा, प्रेम और त्याग की अद्भुत झलक देखने उमड़ेगा जनसैलाब

Fatehpur Bhart Milap: फतेहपुर जिले में दशहरे के बाद से चल रही धार्मिक प्रस्तुतियों का आज सबसे प्रतीक्षित क्षण आने वाला है. महानंद रामलीला कमेटी के तत्वावधान में आयोजित ऐतिहासिक भरत मिलाप का कार्यक्रम आज यानी गुरुवार की रात हरिहरगंज ओवरब्रिज के नीचे संपन्न होगा. सौ साल पुरानी इस परंपरा में हर वर्ष करीब एक लाख श्रद्धालु शामिल होकर राम और भरत के दिव्य मिलन के साक्षी बनते हैं.

शहर में उमंग और श्रद्धा का माहौल

दशहरे के बाद से फतेहपुर में धार्मिक आयोजन पूरे जोश और आस्था के साथ जारी हैं. रामलीला मंचों पर जहां भगवान राम की लीलाओं का मंचन किया जा रहा है, वहीं भरत मिलाप के आयोजन ने पूरे शहर को उल्लास से भर दिया है. सड़कों पर रोशनी की झालरों से सजे रास्ते और आरती की गूंज ने क्षेत्र को दिव्यता से भर दिया है. श्रद्धालु दूर-दूर से पहुंच रहे हैं ताकि इस ऐतिहासिक मिलन के साक्षी बन सकें. शहर के होटल और धर्मशालाएं भक्तों से भर गई हैं.

तैयारियां पूरी, सजे मेले और दुकानें

भरत मिलाप की तैयारियों को लेकर ज्वालागंज, वर्मा चौराहा, कलक्टरगंज, हरिहरगंज क्षेत्र में बीते कई दिनों से गहमा-गहमी बनी हुई है. बुधवार की रात तक दुकानों की सजावट, साउंड सिस्टम की व्यवस्था और रोशनी की तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया.

मेले में लगने वाली दुकानों पर मिठाइयों, खिलौनों और धार्मिक वस्तुओं की भरमार है. आयोजकों ने बताया कि हरिहरगंज ओवरब्रिज के नीचे इस कार्यक्रम को अंतिम रूप दिया जाएगा. श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात की विशेष व्यवस्था की है.

निकलेगी भव्य झांकियां और सवारियां

भरत मिलाप की शोभा बढ़ाने के लिए आज शाम बड़ी झांकियों और सवारियों का जुलूस निकलेगा. झांकियां रामलीला मैदान से निकलकर हरिहरगंज होते हुए स्टेशन रोड तक भ्रमण करेंगी. भक्तजन जगह-जगह आरती उतारेंगे और जय श्रीराम के नारों से पूरा शहर गूंजेगा. श्रद्धालु झांकियों में राम, लक्ष्मण, सीता और हनुमान के रूप देखकर भावविभोर होंगे. आयोजन समिति के अनुसार, इस बार का आयोजन पहले से अधिक भव्य और ऐतिहासिक रूप में प्रस्तुत किया जाएगा.

सदियों पुरानी परंपरा को आगे बढ़ा रहा है फतेहपुर

विहिप के प्रांतीय उपाध्यक्ष वीरेंद्र पांडेय ने बताया कि फतेहपुर में भरत मिलाप की परंपरा सौ साल से अधिक पुरानी है. प्रयागराज से आने वाली झांकियां इस आयोजन को और आकर्षक बनाती हैं. उन्होंने कहा कि रामलीला मैदान से निकलने वाली झांकी वर्मा चौराहे पर पहुंची हैं, जहां करीब रात ढाई बजे के आसपास भरत और श्रीराम का मिलन होता है. पांडेय जी ने बताया कि यह आयोजन हर वर्ष एक लाख से अधिक लोगों की उपस्थिति में संपन्न होता है, जो इसे प्रदेश के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक बनाता है.

भरत-राम का मिलन: प्रेम, त्याग और एकता की सीख

वीरेंद्र पांडेय कहते हैं कि भरत मिलाप केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि जीवन का संदेश है. एक चक्रवर्ती सम्राट होते हुए भी भरत जी ने अपने भाई के प्रेम में राजसिंहासन तक त्याग दिया. यह दृश्य प्रेम, समर्पण और सहिष्णुता का ऐसा उदाहरण प्रस्तुत करता है जो आज के परिवेश में परिवारों को विघटन से बचाने की सीख देता है. श्रीराम और भरत का मिलन हर युग में त्याग, प्रेम और एकता की अमर मिसाल रहा है, और यही इस आयोजन की आत्मा है.

Latest News

CBSE Board Results 2026: फतेहपुर में सीबीएसई बोर्ड का जलवा, 99% अंक लाकर अर्पिता सिंह बनीं जिले की टॉपर CBSE Board Results 2026: फतेहपुर में सीबीएसई बोर्ड का जलवा, 99% अंक लाकर अर्पिता सिंह बनीं जिले की टॉपर
सीबीएसई हाईस्कूल परीक्षा परिणाम में फतेहपुर के छात्रों ने शानदार प्रदर्शन किया. जयपुरिया विद्यालय की अर्पिता सिंह ने 99% अंक...
फतेहपुर में एसपी का सख्त एक्शन: जोनिहां चौकी इंचार्ज लाइन हाजिर, कारखास नेटवर्क पर भी गिरी गाज, 10 कांस्टेबल हटाए गए
आज का राशिफल 15 अप्रैल 2026: कर्क, सिंह और मकर राशि के लिए खास संकेत, जानिए आपका दिन कैसा रहेगा
Bihar Politics: बिहार की राजनीति से समाप्त हुआ नीतीश युग! 20 साल बाद सत्ता से विदा हुए कुमार, जानिए पूरा राजनीतिक सफर
Fatehpur News: फतेहपुर में गजब मामला ! कपड़े बेचने वाला निकला करोड़पति, जांच में खुली सच्चाई
Fatehpur News: मंच पर डिप्टी सीएम के स्वास्थ्य के दावे, चंद कदम दूर महिला अस्पताल की ओटी एक महीने से बंद
Asha Bhosle Biography: संघर्ष, सुर और सिसकियों की कहानी, 16 की उम्र में शादी, बेटी की मौत और 12,000 गानों की विरासत

Follow Us