फतेहपुर का 50 नंबर पुल हुआ बंद: कांपते आरओबी की 1.22 करोड़ से होगी मरम्मत, जानिए क्या है रूट डाइवर्जन?
Fatehpur News In Hindi
फतेहपुर रेलवे स्टेशन से 500 मीटर दूर स्थित 50 नंबर आरओबी वर्षों से जर्जर हालत में था और हर वक्त दुर्घटना का खतरा बना रहता था. अब पीडब्ल्यूडी को 1.22 करोड़ रुपये की धनराशि मिल चुकी है और छह महीने में पुल की मरम्मत पूरी की जाएगी. भारी वाहनों को डायवर्जन से निकाला जाएगा.
Fatehpur News: दिल्ली-हावड़ा रेलवे लाइन के 50 नंबर गेट पर बना आरओबी लंबे समय से जर्जर हालत में था. जगह-जगह गड्ढे, उखड़ा डामर और बाहर निकली सरिया हादसों को न्यौता दे रही थी. अब राहत की खबर है कि पुल की मरम्मत जल्द शुरू होगी. पीडब्ल्यूडी ने खाका तैयार कर लिया है और भारी वाहनों को डायवर्ट कर दिया गया है.
वर्षों से जर्जर हालत में था 50 नंबर पुल
फतेहपुर का 50 नंबर पुल बांदा-टांडा मार्ग से जुड़ा है और लंबे समय से जर्जर स्थिति में है. पुल से गुजरते वक्त वाहन चालकों को कंपन महसूस होता था और जगह-जगह डामर उखड़कर गड्ढे बन गए थे. हालात ऐसे हो गए थे कि सरिया तक बाहर निकल आई थी. यही नहीं, कोठियों की वैरिंग में भी तकनीकी खराबियां सामने आईं, जिससे मरम्मत की आवश्यकता और भी जरूरी हो गई.
पीडब्ल्यूडी ने बनाया मरम्मत का खाका
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिशासी अभियंता ए.के. शील ने बताया कि पुल की मरम्मत में करीब छह माह का समय लग सकता है. विभाग ने इसके लिए विस्तृत योजना तैयार कर ली है और काम शुरू करने से पहले आवश्यक सामग्री जुटाई जा रही है. सामग्री एकत्र करने में लगभग सात दिन लगेंगे. इस दौरान हल्के वाहनों की आवाजाही जारी रहेगी, लेकिन काम शुरू होते ही सभी तरह के वाहनों की आवाजाही रोक दी जाएगी.
भारी वाहनों पर लगी रोक, डायवर्जन से होगा आवागमन
छह महीने में पूरी होगी मरम्मत, बढ़ेगी सुरक्षा
पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के मुताबिक पुल की मरम्मत में लगभग छह महीने का समय लगेगा. मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद न केवल पुल की मजबूती बढ़ेगी बल्कि यातायात भी सुगम और सुरक्षित होगा. स्थानीय लोगों और वाहन चालकों ने लंबे समय से इस पुल के दुरुस्तीकरण की मांग की थी, अब उनकी चिंता दूर होने जा रही है.
जान-माल के खतरे से मिलेगी राहत
पुल पर आए दिन गड्ढों और कंपन से लोगों में दुर्घटनाओं का भय बना रहता था. अब जब मरम्मत का काम शुरू होने जा रहा है, तो क्षेत्रीय लोगों को बड़ी राहत मिलेगी. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए किसी भी वाहन को मरम्मत के दौरान पुल से गुजरने की अनुमति नहीं होगी.
फतेहपुर का 50 नंबर पुल हुआ बंद: कांपते आरओबी की 1.22 करोड़ से होगी मरम्मत, जानिए क्या है रूट डाइवर्जन?
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Fatehpur News: दिल्ली-हावड़ा रेलवे लाइन के 50 नंबर गेट पर बना आरओबी लंबे समय से जर्जर हालत में था. जगह-जगह गड्ढे, उखड़ा डामर और बाहर निकली सरिया हादसों को न्यौता दे रही थी. अब राहत की खबर है कि पुल की मरम्मत जल्द शुरू होगी. पीडब्ल्यूडी ने खाका तैयार कर लिया है और भारी वाहनों को डायवर्ट कर दिया गया है.
वर्षों से जर्जर हालत में था 50 नंबर पुल
फतेहपुर का 50 नंबर पुल बांदा-टांडा मार्ग से जुड़ा है और लंबे समय से जर्जर स्थिति में है. पुल से गुजरते वक्त वाहन चालकों को कंपन महसूस होता था और जगह-जगह डामर उखड़कर गड्ढे बन गए थे. हालात ऐसे हो गए थे कि सरिया तक बाहर निकल आई थी. यही नहीं, कोठियों की वैरिंग में भी तकनीकी खराबियां सामने आईं, जिससे मरम्मत की आवश्यकता और भी जरूरी हो गई.
पीडब्ल्यूडी ने बनाया मरम्मत का खाका
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिशासी अभियंता ए.के. शील ने बताया कि पुल की मरम्मत में करीब छह माह का समय लग सकता है. विभाग ने इसके लिए विस्तृत योजना तैयार कर ली है और काम शुरू करने से पहले आवश्यक सामग्री जुटाई जा रही है. सामग्री एकत्र करने में लगभग सात दिन लगेंगे. इस दौरान हल्के वाहनों की आवाजाही जारी रहेगी, लेकिन काम शुरू होते ही सभी तरह के वाहनों की आवाजाही रोक दी जाएगी.
भारी वाहनों पर लगी रोक, डायवर्जन से होगा आवागमन
डीएम से रूट डायवर्जन की अनुमति लेने के बाद यातायात विभाग ने भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी है. यातायात प्रभारी लालजी सविता ने मीडिया को बताया कि अब भारी वाहन कोराई बाईपास से होकर गुजरेंगे, जबकि हल्के वाहनों को हरिहरगंज पुल से डायवर्ट किया गया है. इससे मरम्मत कार्य में किसी तरह की बाधा न आए और पुल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके. जानकारों की मानें तो इस दौरान हरिहरगंज पुल और सदीपुर क्रॉसिंग में भारी यातायात बढ़ सकता है.
छह महीने में पूरी होगी मरम्मत, बढ़ेगी सुरक्षा
पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के मुताबिक पुल की मरम्मत में लगभग छह महीने का समय लगेगा. मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद न केवल पुल की मजबूती बढ़ेगी बल्कि यातायात भी सुगम और सुरक्षित होगा. स्थानीय लोगों और वाहन चालकों ने लंबे समय से इस पुल के दुरुस्तीकरण की मांग की थी, अब उनकी चिंता दूर होने जा रही है.
जान-माल के खतरे से मिलेगी राहत
पुल पर आए दिन गड्ढों और कंपन से लोगों में दुर्घटनाओं का भय बना रहता था. अब जब मरम्मत का काम शुरू होने जा रहा है, तो क्षेत्रीय लोगों को बड़ी राहत मिलेगी. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए किसी भी वाहन को मरम्मत के दौरान पुल से गुजरने की अनुमति नहीं होगी.