Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

Fatehpur News: मैं गौरव के साथ जाऊंगी ! शादीशुदा महिला ने थाने में खाया जहर, पुलिस जांच में जुटी

Fatehpur News: मैं गौरव के साथ जाऊंगी ! शादीशुदा महिला ने थाने में खाया जहर, पुलिस जांच में जुटी
फतेहपुर में एक शादीशुदा महिला ने थाने के अंदर खाया जहर पुलिस जांच में जुटी (दाएं फाइल फोटो रीता देवी): Image Credit Original Source

Fatehpur News In Hindi

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के फतेहपुर (Fatehpur) में एक शादीशुदा महिला अपने प्रेमी के साथ जाने की जिद में थाने पहुंच गई और वहीं पर उसने जहर खा लिया. मामला बकेवर थाने (Bakewar Thana) का है. इलाज के दौरान महिला के दम तोड़ते ही हड़कंप मच गया है वहीं पुलिस जांच में जुटी है.

Fatehpur News: यूपी के फतेहपुर जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. बताया जा रहा है कि बकेवर थाने में अपने प्रेमी के साथ जाने की जिद पर अड़ी एक शादीशुदा महिला ने थाने के अंदर जहर खाकर जान दे दी.

जानकारी के मुताबिक घटना शनिवार दोपहर की है, जिसने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया. हालांकि, पुलिस का दावा है कि महिला पहले से ही बाहर से जहर खाकर आई थी. मामले की गंभीरता को देखते हुए सीओ ने जांच के आदेश दिए हैं. 

चार साल पहले हुई थी शादी, फिर बढ़ने लगा विवाद

जानकारी के अनुसार, बकेवर थाना क्षेत्र के कस्बा निवासी अनिल नामदेव की बेटी रीता देवी (27) की शादी चार साल पहले हमीरपुर जिले के लालपुरा गांव निवासी मनीष नामदेव से हुई थी. शादी के बाद दोनों का एक बेटा हुआ, जो अभी तीन साल का है. लेकिन शादीशुदा जीवन में धीरे-धीरे तनाव बढ़ता गया, और दो महीने पहले रीता अपने मायके लौट आई.

परिवार के अनुसार, रीता और मनीष के बीच आए दिन झगड़े होते थे. दोनों के बीच रिश्ते इतने बिगड़ चुके थे कि रीता ने ससुराल वापस न जाने का फैसला कर लिया. मायके में रहने के दौरान भी वह अक्सर किसी से फोन पर बात करती थी, जिससे परिवार को शक हुआ कि वह किसी और के संपर्क में है. हालांकि, रीता ने इस बारे में अपने घरवालों से कोई चर्चा नहीं की.

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में भाजपा नेता पति समेत 23 पर दहेज उत्पीड़न का मुकदमा, परिवारिक विवाद ने लिया गंभीर रूप

26 मार्च को रीता अपने बेटे को घर पर छोड़कर यह कहकर निकली कि वह बाजार जा रही है. लेकिन जब वह देर रात तक नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की. कई रिश्तेदारों और परिचितों से पूछताछ की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला. जब कोई सुराग नहीं मिला, तो अगले दिन भाई गोविंद ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई.

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल का दौरा ! सुरक्षा के पुख़्ता इंतजाम, इन कार्यक्रमों में लेंगी भाग

प्रेमी संग जाने की थी जिद, पुलिस ने थाने बुलाया

गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने अपनी जांच शुरू की तो जल्द ही पता चला कि रीता गोपालपुर के रहने वाले गौरव पाल के साथ गई है. पुलिस ने दोनों को ट्रेस कर लिया और शनिवार दोपहर करीब 2 बजे बकेवर थाने बुलाया.

Read More: Fatehpur News: विहिप ने क्यों कहा चर्च को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया जाए, नामजद 3 गिरफ्तार 10 पर मुकदमा

थाने में रीता के पति मनीष, उसके मायके वाले, और गौरव भी पहुंचे. जब दोनों परिवारों के सामने रीता से पूछताछ की गई, तो उसने साफ कहा कि वह गौरव के साथ रहना चाहती है और अपने पति के पास वापस नहीं जाएगी. इस पर मायके और ससुराल पक्ष के लोगों ने उसे समझाने की कोशिश की, लेकिन वह किसी की बात सुनने को तैयार नहीं थी.

इस बीच, पुलिस ने गौरव की तलाशी ली, तो उसकी पैंट की जेब से सल्फास की गोलियां बरामद हुईं. यह देख सभी हैरान रह गए. पुलिस जब तक इस पर कोई कार्रवाई कर पाती, इससे पहले ही रीता अचानक उठी और अपने पर्स से जहर की गोली निकालकर निगल ली.

यह देखकर वहां मौजूद लोग घबरा गए और तुरंत उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे. कुछ ही मिनटों में रीता की हालत बिगड़ने लगी, जिससे मौके पर हड़कंप मच गया.

अस्पताल में चली जिंदगी और मौत की जंग

परिजनों ने आनन-फानन में रीता को बिंदकी सीएचसी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया. लेकिन जहर काफी तेज़ असर कर चुका था, और रीता की हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी. डॉक्टरों ने उसकी नाजुक स्थिति को देखते हुए तुरंत उसे कानपुर रेफर कर दिया.

कानपुर पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने रीता को बचाने की पूरी कोशिश की। करीब 24 घंटे तक अस्पताल में उसकी जिंदगी और मौत के बीच जंग चली। डॉक्टरों ने बताया कि सल्फास का ज़हर शरीर के अंदर जाते ही तेजी से असर करता है और इलाज में देर होने की वजह से उसकी हालत और गंभीर हो गई थी. तमाम प्रयासों के बावजूद रविवार शाम करीब 6 बजे रीता ने दम तोड़ दिया.

रीता की मौत की खबर जैसे ही उसके मायके और ससुराल वालों तक पहुंची, तो परिवार में कोहराम मच गया. घरवाले यह मानने को तैयार नहीं थे कि रीता ने खुद ही जहर खाया था.

वहीं, गौरव पाल को लेकर भी कई सवाल उठने लगे कि आखिर उसकी जेब में सल्फास की गोली क्या कर रही थी? क्या यह पहले से सोची-समझी योजना थी? या फिर रीता ने गुस्से में यह कदम उठाया?

पुलिस की सफाई और सीओ ने दिए जांच के आदेश

थाना प्रभारी महेश सिंह ने बताया कि महिला ने थाने में जहर नहीं खाया, बल्कि वह पहले से ही जहर खाकर आई थी. हालांकि, इस बयान पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने सवाल उठाए हैं. उनका कहना है कि अगर रीता पहले से ही जहर खाकर आई थी, तो उसकी तबीयत पहले ही क्यों नहीं बिगड़ी?

उधर, सीओ बिंदकी वीर सिंह ने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि थाने के अंदर जहर खाने की बात सामने आई है जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर कानूनी कार्रवाई होगी.

31 Mar 2025 By Vishwa Deepak Awasthi

Fatehpur News: मैं गौरव के साथ जाऊंगी ! शादीशुदा महिला ने थाने में खाया जहर, पुलिस जांच में जुटी

Fatehpur News In Hindi

Fatehpur News: यूपी के फतेहपुर जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. बताया जा रहा है कि बकेवर थाने में अपने प्रेमी के साथ जाने की जिद पर अड़ी एक शादीशुदा महिला ने थाने के अंदर जहर खाकर जान दे दी.

जानकारी के मुताबिक घटना शनिवार दोपहर की है, जिसने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया. हालांकि, पुलिस का दावा है कि महिला पहले से ही बाहर से जहर खाकर आई थी. मामले की गंभीरता को देखते हुए सीओ ने जांच के आदेश दिए हैं. 

चार साल पहले हुई थी शादी, फिर बढ़ने लगा विवाद

जानकारी के अनुसार, बकेवर थाना क्षेत्र के कस्बा निवासी अनिल नामदेव की बेटी रीता देवी (27) की शादी चार साल पहले हमीरपुर जिले के लालपुरा गांव निवासी मनीष नामदेव से हुई थी. शादी के बाद दोनों का एक बेटा हुआ, जो अभी तीन साल का है. लेकिन शादीशुदा जीवन में धीरे-धीरे तनाव बढ़ता गया, और दो महीने पहले रीता अपने मायके लौट आई.

परिवार के अनुसार, रीता और मनीष के बीच आए दिन झगड़े होते थे. दोनों के बीच रिश्ते इतने बिगड़ चुके थे कि रीता ने ससुराल वापस न जाने का फैसला कर लिया. मायके में रहने के दौरान भी वह अक्सर किसी से फोन पर बात करती थी, जिससे परिवार को शक हुआ कि वह किसी और के संपर्क में है. हालांकि, रीता ने इस बारे में अपने घरवालों से कोई चर्चा नहीं की.

26 मार्च को रीता अपने बेटे को घर पर छोड़कर यह कहकर निकली कि वह बाजार जा रही है. लेकिन जब वह देर रात तक नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की. कई रिश्तेदारों और परिचितों से पूछताछ की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चला. जब कोई सुराग नहीं मिला, तो अगले दिन भाई गोविंद ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई.

प्रेमी संग जाने की थी जिद, पुलिस ने थाने बुलाया

गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने अपनी जांच शुरू की तो जल्द ही पता चला कि रीता गोपालपुर के रहने वाले गौरव पाल के साथ गई है. पुलिस ने दोनों को ट्रेस कर लिया और शनिवार दोपहर करीब 2 बजे बकेवर थाने बुलाया.

थाने में रीता के पति मनीष, उसके मायके वाले, और गौरव भी पहुंचे. जब दोनों परिवारों के सामने रीता से पूछताछ की गई, तो उसने साफ कहा कि वह गौरव के साथ रहना चाहती है और अपने पति के पास वापस नहीं जाएगी. इस पर मायके और ससुराल पक्ष के लोगों ने उसे समझाने की कोशिश की, लेकिन वह किसी की बात सुनने को तैयार नहीं थी.

इस बीच, पुलिस ने गौरव की तलाशी ली, तो उसकी पैंट की जेब से सल्फास की गोलियां बरामद हुईं. यह देख सभी हैरान रह गए. पुलिस जब तक इस पर कोई कार्रवाई कर पाती, इससे पहले ही रीता अचानक उठी और अपने पर्स से जहर की गोली निकालकर निगल ली.

यह देखकर वहां मौजूद लोग घबरा गए और तुरंत उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे. कुछ ही मिनटों में रीता की हालत बिगड़ने लगी, जिससे मौके पर हड़कंप मच गया.

अस्पताल में चली जिंदगी और मौत की जंग

परिजनों ने आनन-फानन में रीता को बिंदकी सीएचसी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया. लेकिन जहर काफी तेज़ असर कर चुका था, और रीता की हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी. डॉक्टरों ने उसकी नाजुक स्थिति को देखते हुए तुरंत उसे कानपुर रेफर कर दिया.

कानपुर पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने रीता को बचाने की पूरी कोशिश की। करीब 24 घंटे तक अस्पताल में उसकी जिंदगी और मौत के बीच जंग चली। डॉक्टरों ने बताया कि सल्फास का ज़हर शरीर के अंदर जाते ही तेजी से असर करता है और इलाज में देर होने की वजह से उसकी हालत और गंभीर हो गई थी. तमाम प्रयासों के बावजूद रविवार शाम करीब 6 बजे रीता ने दम तोड़ दिया.

रीता की मौत की खबर जैसे ही उसके मायके और ससुराल वालों तक पहुंची, तो परिवार में कोहराम मच गया. घरवाले यह मानने को तैयार नहीं थे कि रीता ने खुद ही जहर खाया था.

वहीं, गौरव पाल को लेकर भी कई सवाल उठने लगे कि आखिर उसकी जेब में सल्फास की गोली क्या कर रही थी? क्या यह पहले से सोची-समझी योजना थी? या फिर रीता ने गुस्से में यह कदम उठाया?

पुलिस की सफाई और सीओ ने दिए जांच के आदेश

थाना प्रभारी महेश सिंह ने बताया कि महिला ने थाने में जहर नहीं खाया, बल्कि वह पहले से ही जहर खाकर आई थी. हालांकि, इस बयान पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने सवाल उठाए हैं. उनका कहना है कि अगर रीता पहले से ही जहर खाकर आई थी, तो उसकी तबीयत पहले ही क्यों नहीं बिगड़ी?

उधर, सीओ बिंदकी वीर सिंह ने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि थाने के अंदर जहर खाने की बात सामने आई है जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर कानूनी कार्रवाई होगी.

Latest News

UPSRTC Job: यूपी में महिलाओं के लिए 2584 नौकरियां, मेरिट से होगा चयन, अपने जिले में मिलेगी तैनाती UPSRTC Job: यूपी में महिलाओं के लिए 2584 नौकरियां, मेरिट से होगा चयन, अपने जिले में मिलेगी तैनाती
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम ने 2584 महिला परिचालकों की संविदा भर्ती की घोषणा की है. इंटरमीडिएट और CCC प्रमाणपत्र अनिवार्य...
Fatehpur News: भ्रष्टाचार में डूबा है फतेहपुर का राजस्व विभाग, तहसील में अधिकारियों के पास बैठे हैं रिश्वतखोर एजेंट
Uttar Pradesh: ईद पर ‘खून की होली’ बयान से गरमाया फतेहपुर, पूर्व BJP जिलाध्यक्ष मुखलाल पाल का वीडियो वायरल
आज का राशिफल (Aaj Ka Rashifal) 20 मार्च 2026: नवरात्र के दूसरे दिन बनी रहेगी माता रानी की कृपा, जानिए सभी राशियों का दैनिक भाग्यफल
Fatehpur News: फतेहपुर में पत्रकार की संदिग्ध मौत से सनसनी ! कमरे में मिला शव, परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
आज का राशिफल 18 मार्च 2026: किस राशि की चमकेगी किस्मत और किसे रहना होगा सावधान
फतेहपुर से बंगाल के डीजीपी तक का सफर: जानिए कौन हैं IPS सिद्धनाथ गुप्ता जिनकी रणनीति पर टिका है चुनाव

Follow Us