
यूपी:इंसानियत शर्मसार-डॉक्टरों ने तिमारदारों की लात घूंसों से की पिटाई.!पूरे अस्पताल में व्याप्त हो गया डर व दहशत का माहौल!
कानपुर के हैलट अस्पताल में जूनियर डॉक्टरों द्वारा मरीज के साथ आए लोगों को पीटने का मामला सामने आया है...पढ़े पूरी खबर युगान्तर प्रवाह पर।
कानपुर: जहाँ एक ओर लोग डॉक्टरों को भगवान को दर्जा देते हैं तो वहीं दूसरी ओर सरकारी अस्पताल हैलट(लाला लाजपत राय चिकित्सालय) के डॉक्टरों ने इंसानियत को शर्मसार करने वाला काम किया है। डॉक्टरों द्वारा किया गया कृत्य किसी हैवानों से कम नहीं है।

जानकारी के अनुसार बर्न वार्ड में रविवार सुबह आग से झुलसे बाबूपुरवा के ढकनापुरवा निवासी पुत्तन (50) भर्ती हुए। उन्हें देखने फर्रुखाबाद निवासी दमाद दिनेश गुप्ता और पुत्तन का बेटा अजय आए थे। मारपीट होते देखकर दोनों खड़े होकर देखने लगे। इस पर जूनियर डॉक्टरों ने उन लोगों को भी पकड़कर पीट दिया। जिसके बाद पुत्तन के साथ आए लोगों में दहशत इस कदर घर कर गई कि उन्होंने स्ट्रेचर मिलने का इंतजार नहीं किया और वो पुत्तन को जल्दी से चादर में लपेटकर दूसरे अस्पताल में ले गए।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद हैलट के प्रमुख अधीक्षक डॉ.आर.के.मौर्या का कहना है कि बर्न वार्ड में जूनियर डॉक्टरों द्वारा मरीजों के तीमारदारों को पीटे जाने की जानकारी मिली है। सर्जरी विभाग के जूनियर रेजीडेंट के ड्यूटी डॉक्टरों की सूची मांगी है। उन्हें सोमवार को तलब करेंगे। साथ ही जांच के उपरांत कार्रवाई के लिए लिखेंगे।वहीं दूसरी ओर मारपीट की जानकारी पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने किसी तरह जूनियर डॉक्टरों को समझा कर मामले को शांत कराया।हालांकि इस मामले में स्वरूप नगर थाना प्रभारी का कहना था कि अब तक तहरीर नहीं मिली है उन्होंने कहा तहरीर के अनुसार आगे कार्यवाही की जाएगी।
जूनियर डॉक्टरों ने अपने ऊपर लगे आरोपों पर क्या कहा...
जिन जूनियर डॉक्टरों के ऊपर तीमारदारों को पीटने का आरोप लगा है उनका कहना था कि अस्पताल में रविवार के दिन अल्ट्रासाउंड बन्द रहता है जिसके चलते अवनीश के तीमारदारों से अल्ट्रासाउंड बाहर स्व कराकर लाने के लिए कहा गया था लेक़िन वह हैलट अस्पताल में ही अल्ट्रासाउंड कराने की मांग पर अड़े हुए थे और दबाव बना रहे थे बस इसी बात को लेकर उन्होंने गाली गलौज शुरू कर मारपीट करने लगे।
