Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

Hamirpur Khanan Case: बोले अखिलेश ! चुनाव आते ही नोटिस आने लगते हैं, सीबीआई के सामने नहीं होंगे पेश, जानिये किस मामले में भेजा गया समन?

Hamirpur Khanan Case: बोले अखिलेश ! चुनाव आते ही नोटिस आने लगते हैं, सीबीआई के सामने नहीं होंगे पेश, जानिये किस मामले में भेजा गया समन?
अखिलेश यादव, सपा अध्यक्ष, image credit original source

Akhilesh Yadav Illigal Mining Hamirpur Case

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) को सीबीआई (Cbi) ने हमीरपुर में अवैध खनन (Illegal Mining) से जुड़े हुए मामले में पूछताछ के लिये समन भेजा है. जहां उन्होंने सीबीआई द्वारा भेजे गए समन को ठुकरा दिया है. जिसके बाद फिलहाल वे सीबीआई के सामने पेश नहीं होंगे. सीबीआई ने अखिलेश यादव को 21 फरवरी को नोटिस भेजा था और उन्हें 29 फरवरी को दिल्ली पूछताछ के लिए बुलाया है लेकिन इस पूछताछ में शामिल नहीं हुए. इसके बाद उन्होंने अपनी तरफ से नोटिस का जवाब भेजा है.

दिल्ली पूछताछ के लिए नहीं जाएंगे अखिलेश

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को दिल्ली सीबीआई ने हमीरपुर (Hamirpur) अवैध खनन घोटाले में नोटिस भेजा था और उन्हें पूछताछ के लिए दिल्ली बुलाया गया था जहां उन्हें गुरुवार यानी आज पेश होना था लेकिन अखिलेश इस पूछताछ के लिए दिल्ली में पेश नहीं होंगे. अखिलेश ने इस समन और नोटिस के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि आगामी लोकसभा चुनाव नजदीक है और बीजेपी की नियत बिल्कुल साफ है. ऐसे नोटिस परेशान करने की नीयत से भेजा गया है. हालांकि इस पूरे घोटाले में अखिलेश यादव नामजद नहीं है. इस मामले में प्राथमिकी 2019 में दर्ज हुई थी इसके बाद कई सालों तक उसमें कोई भी जानकारी नहीं मांगी लेकिन चुनाव नजदीक आते ही अचानक नोटिस भेज दिया जा रहा है इस मामले में समाजवादी पार्टी अखिलेश यादव जांच में सहयोग की बात कही है.

cbi_had_sent_summon_of_akhilesh_yadav
अखिलेश यादव को नोटिस, Image credit original source

चुनाव आते ही नोटिस आने हो जाते हैं शुरू

अखिलेश यादव ने इस समन को लेकर पहले तो दिल्ली जाने के प्रस्ताव को ठुकरा दिया है इसके बाद उन्होंने राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि आगामी चुनाव को देखते हुए भाजपा का सबसे बड़ी टारगेट समाजवादी पार्टी है. उनका कहना है कि जब चुनाव आते हैं तो नोटिस भी आने लगते हैं और अब फिर से चुनाव एक बार आ रहा है तो नोटिस दिया गया है. इससे पहले भी 2019 के लोकसभा चुनाव में भी इस तरह का नोटिस मिला था. प्रकोष्ठ की बैठक में मीडिया से कहा कि आप मेरा जवाब उन्हीं से पूछ लें. उन्हें लीक करने में महारथ हासिल है. एजेंसी भाजपा के प्रकोष्ठ की तरह काम कर रही है.

आखिर बीजेपी को इतनी बेचैनी क्यों हो रही है, यदि भारतीय जनता पार्टी ने पिछले 10 सालों में खूब काम किया है तो डर किस बात का है. वहीं इस समन मामले में सपा नेता आईपी सिंह ने एक्स पर कहा कि सीबीआई और ईडी चुनाव से पहले एक्टिव हो जाती है यह सब बीजेपी के इशारे पर हो रहा है. हम डरने वाले नहीं है. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि बीजेपी उन्हें घेरने की कोशिश कर रही है, अखिलेश यादव इंडिया गठबंधन का मजबूत हिस्सा हैं.

क्या है अवैध खनन मामला?

गौरतलब है कि यह मामला 2012-13 वर्ष का है. जब अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री हुआ करते थे और उनके पास खनन विभाग भी था. इन पर आरोप लगा है कि कर्मचारियों व अधिकारियों की मिलीभगत से हमीरपुर जिले (Hamirpur Mining) में पट्टे आवंटनों व खनिजों का अवैध खनन किया गया था. इसके बाद 2016 में हाई कोर्ट के आदेश के बाद इस प्रकरण की जांच शुरू की गई थी. इस मामले में पूर्व मंत्री गायत्री प्रजापति का नाम भी प्रकाश में आया था. हालांकि अखिलेश यादव का नाम सीधे तौर पर नहीं दर्ज किया गया था. उनका नाम सीबीआई ने गवाह के तौर पर दर्ज किया है. फिर भी वह पूछताछ के लिए फिलहाल दिल्ली नहीं जाएंगे.

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में वसूली के चलते दो सिपाही सस्पेंड ! हत्या में फंसाने को लेकर दी थी धमकी, एडीजी से हुई थी शिकायत

29 Feb 2024 By Vishal Shukla

Hamirpur Khanan Case: बोले अखिलेश ! चुनाव आते ही नोटिस आने लगते हैं, सीबीआई के सामने नहीं होंगे पेश, जानिये किस मामले में भेजा गया समन?

Akhilesh Yadav Illigal Mining Hamirpur Case

दिल्ली पूछताछ के लिए नहीं जाएंगे अखिलेश

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को दिल्ली सीबीआई ने हमीरपुर (Hamirpur) अवैध खनन घोटाले में नोटिस भेजा था और उन्हें पूछताछ के लिए दिल्ली बुलाया गया था जहां उन्हें गुरुवार यानी आज पेश होना था लेकिन अखिलेश इस पूछताछ के लिए दिल्ली में पेश नहीं होंगे. अखिलेश ने इस समन और नोटिस के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि आगामी लोकसभा चुनाव नजदीक है और बीजेपी की नियत बिल्कुल साफ है. ऐसे नोटिस परेशान करने की नीयत से भेजा गया है. हालांकि इस पूरे घोटाले में अखिलेश यादव नामजद नहीं है. इस मामले में प्राथमिकी 2019 में दर्ज हुई थी इसके बाद कई सालों तक उसमें कोई भी जानकारी नहीं मांगी लेकिन चुनाव नजदीक आते ही अचानक नोटिस भेज दिया जा रहा है इस मामले में समाजवादी पार्टी अखिलेश यादव जांच में सहयोग की बात कही है.

cbi_had_sent_summon_of_akhilesh_yadav
अखिलेश यादव को नोटिस, Image credit original source

चुनाव आते ही नोटिस आने हो जाते हैं शुरू

अखिलेश यादव ने इस समन को लेकर पहले तो दिल्ली जाने के प्रस्ताव को ठुकरा दिया है इसके बाद उन्होंने राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि आगामी चुनाव को देखते हुए भाजपा का सबसे बड़ी टारगेट समाजवादी पार्टी है. उनका कहना है कि जब चुनाव आते हैं तो नोटिस भी आने लगते हैं और अब फिर से चुनाव एक बार आ रहा है तो नोटिस दिया गया है. इससे पहले भी 2019 के लोकसभा चुनाव में भी इस तरह का नोटिस मिला था. प्रकोष्ठ की बैठक में मीडिया से कहा कि आप मेरा जवाब उन्हीं से पूछ लें. उन्हें लीक करने में महारथ हासिल है. एजेंसी भाजपा के प्रकोष्ठ की तरह काम कर रही है.

आखिर बीजेपी को इतनी बेचैनी क्यों हो रही है, यदि भारतीय जनता पार्टी ने पिछले 10 सालों में खूब काम किया है तो डर किस बात का है. वहीं इस समन मामले में सपा नेता आईपी सिंह ने एक्स पर कहा कि सीबीआई और ईडी चुनाव से पहले एक्टिव हो जाती है यह सब बीजेपी के इशारे पर हो रहा है. हम डरने वाले नहीं है. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि बीजेपी उन्हें घेरने की कोशिश कर रही है, अखिलेश यादव इंडिया गठबंधन का मजबूत हिस्सा हैं.

क्या है अवैध खनन मामला?

गौरतलब है कि यह मामला 2012-13 वर्ष का है. जब अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री हुआ करते थे और उनके पास खनन विभाग भी था. इन पर आरोप लगा है कि कर्मचारियों व अधिकारियों की मिलीभगत से हमीरपुर जिले (Hamirpur Mining) में पट्टे आवंटनों व खनिजों का अवैध खनन किया गया था. इसके बाद 2016 में हाई कोर्ट के आदेश के बाद इस प्रकरण की जांच शुरू की गई थी. इस मामले में पूर्व मंत्री गायत्री प्रजापति का नाम भी प्रकाश में आया था. हालांकि अखिलेश यादव का नाम सीधे तौर पर नहीं दर्ज किया गया था. उनका नाम सीबीआई ने गवाह के तौर पर दर्ज किया है. फिर भी वह पूछताछ के लिए फिलहाल दिल्ली नहीं जाएंगे.

Latest News

Fatehpur News: फतेहपुर में गजब मामला ! कपड़े बेचने वाला निकला करोड़पति, जांच में खुली सच्चाई Fatehpur News: फतेहपुर में गजब मामला ! कपड़े बेचने वाला निकला करोड़पति, जांच में खुली सच्चाई
फतेहपुर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है जहां ई-रिक्शा से कपड़े बेचने वाले गरीब युवक के नाम पर...
Fatehpur News: मंच पर डिप्टी सीएम के स्वास्थ्य के दावे, चंद कदम दूर महिला अस्पताल की ओटी एक महीने से बंद
Asha Bhosle Biography: संघर्ष, सुर और सिसकियों की कहानी, 16 की उम्र में शादी, बेटी की मौत और 12,000 गानों की विरासत
Asha Bhosle News: सुरों की मलिका आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट, अस्पताल में भर्ती, PM मोदी ने की स्वस्थ होने की कामना
आज का राशिफल 12 अप्रैल 2026: इन चार राशियों पर शनि की वक्र दृष्टि, दिनभर रहें सतर्क, जानिए सभी 12 राशियों का हाल
फतेहपुर बार चुनाव 2026: एक वोट ने पलटा समीकरण, बाबू सिंह यादव बने अध्यक्ष, अनुराग मिश्रा महामंत्री
UP PPS Transfer List: उत्तर प्रदेश में 35 पीपीएस अधिकारियों के तबादले, फतेहपुर के ASP महेंद्र पाल सिंह पहुंचे लखनऊ

Follow Us