Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

वाराणसी:हांथो में तख्ती थाम मासूमों ने माँ संग मांगी प्रधानमंत्री मोदी से इच्छामृत्यु की इजाजत..बीमार बाप के इलाज के लिए पैसे नहीं है..!

वाराणसी:हांथो में तख्ती थाम मासूमों ने माँ संग मांगी प्रधानमंत्री मोदी से इच्छामृत्यु की इजाजत..बीमार बाप के इलाज के लिए पैसे नहीं है..!
फोटो साभार सोशल मीडिया

प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी से ही एक ग़रीब परिवार का दिल को झकझोर देने वाला मामला प्रकाश में आया है..जहां एक माँ अपने दो मासूम बच्चों संग प्रधानमंत्री मोदी से इच्छामृत्यु की इजाजत मांग रही है..पढ़े युगान्तर प्रवाह की एक रिपोर्ट।

वाराणसीकहां है मोदी सरकार की वो महत्वाकांक्षी आयुष्मान योजना जिसमें सरकार अब तक 10 करोड़ ग़रीब परिवारों को बेहतर इलाज का लाभ देने का दावा कर रही है? ये सवाल हम नहीं पूछ रहे हैं ये सवाल पूछ रहे हैं मोदी के संसदीय क्षेत्र में ही रहने वाले दो मासूम बच्चे और उनकी माँ!
अदम गोंडवी का एक शेर 'तुम्हारी फाइलों में गाँव का मौसम ग़ुलाबी है,मगर ये आंकड़े झूठे हैं ये दावा किताबी है।' फिट बैठता है।सरकार और उसके सिस्टम पर जोरदार तमाचा है इस ग़रीब परिवार की कहानी,जो चीख़ चीख़ पर बता रही है कि किस क़दर प्रधानमंत्री मोदी की महत्वाकांक्षी योजनाओं को भ्रष्ट तंत्र के चलते पलीता लगाया जा रहा है।

क्या है पूरा मामला..?

वाराणसी की एक महिला ने अपने पति का इलाज न करा पाने और गरीबी की मजबूरी के कारण अपने बच्‍चों के साथ इच्‍छामृत्‍यु मांगकर सरकार के दावों पर ही सवाल खड़ा कर दिया है।चोलापुर के मुरेरी गांव की रहने वाली सुमन मिश्रा जब अपने सात और दस साल के दो बच्‍चों प्रिंस और रौनक के साथ शनिवार को वाराणसी कचहरी में पहुंचीं तो गरीब परिवार की हालत देखकर लोगों का दिल पसीज गया।तख्‍तियों पर प्रधानमंत्री मोदी को दादा जी’ संबोधित करते लिखा था कि ‘आयुष्‍मान योजना का लाभ और एक दाना भी नहीं मिला..भूख सहन नहीं होती..अब इच्‍छामृत्‍यु दे दो।'

बिलखते हुए सुमन ने बताया कि प्राइवेट नौकरी करने वाले उसके पति संजय मिश्र एक साल से किडनी की बीमारी से जूझ रहे हैं। इस वजह से नौकरी छूट गई। दोनों किडनी खराब होने से सप्‍ताह में तीन दिन डायलिसिस कराना होता है। पति की तबीयत बिगड़ने पर आयुष्‍मान भारत योजना में कई बार आवेदन किया मगर योजना का लाभ नहीं मिल सका।

Read More: 80 के दशक की देश की आवाज हुई शांत: दूरदर्शन की दिग्गज एंकर सरला माहेश्वरी का निधन, जानिए उनके बारे में

यह भी पढ़े:राम जेठमलानी का निधन-इंद्रा के हत्यारों से लेकर अंडरवर्ल्ड तक और शाह से लेक़र आसाराम तक हर बड़े केस से जुड़े रहे जेठमलानी.!

Read More: महाराष्ट्र में बदलेगा मौसम का मिजाज: बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट, सावधान रहें किसान

पति की जान बचाने के लिए सुमन ने गहने, घर के बर्तन व अन्‍य सामान बेच दिए। यहां तक कि सुहाग की निशानी भी बिक गई। दोनों बच्‍चों की पढ़ाई भी छूट गई। अब दो समय की रोटी के लिए भी पैसे न बचने से बच्‍चे भूख से बिलबिला रहे हैं तो संजय का इलाज भी नहीं हो पा रहा है। सुमन का कहना है कि वह अपने पति को मरता हुआ नहीं देख सकती। इस वजह से बच्‍चों के साथ इच्‍छा मृत्‍यु मांग रही है।

Read More: खाड़ी संकट से कांपा मोरबी का टाइल हब: गैस आपूर्ति रुकी, 100 से ज्यादा फैक्ट्रियां बंद, 4 लाख नौकरियों पर खतरा

क्या बोले जिम्मेदार..?

कचहरी परिसर में कुछ लोगों ने सुमन को आर्थिक मदद की और प्रधानमंत्री के संसदीय कार्यालय रवींद्रपुरी जाने की सलाह दी। वहां जाने पर कार्यालय प्रभारी ने दो टूक कहा, उसके रहने का इलाका चंदौली संसदीय क्षेत्र में आता है। इसलिए अपने सांसद डॉ.महेंद्र नाथ पांडेय से संपर्क करे। कही से भी मदद की आस न होने पर बच्‍चों को लिए सुमन उस अस्‍पताल के बाहर रोती-बिलखती रही, जहां उसका पति भर्ती है। 

10 Sep 2019 By Shubham Mishra

वाराणसी:हांथो में तख्ती थाम मासूमों ने माँ संग मांगी प्रधानमंत्री मोदी से इच्छामृत्यु की इजाजत..बीमार बाप के इलाज के लिए पैसे नहीं है..!

वाराणसीकहां है मोदी सरकार की वो महत्वाकांक्षी आयुष्मान योजना जिसमें सरकार अब तक 10 करोड़ ग़रीब परिवारों को बेहतर इलाज का लाभ देने का दावा कर रही है? ये सवाल हम नहीं पूछ रहे हैं ये सवाल पूछ रहे हैं मोदी के संसदीय क्षेत्र में ही रहने वाले दो मासूम बच्चे और उनकी माँ!
अदम गोंडवी का एक शेर 'तुम्हारी फाइलों में गाँव का मौसम ग़ुलाबी है,मगर ये आंकड़े झूठे हैं ये दावा किताबी है।' फिट बैठता है।सरकार और उसके सिस्टम पर जोरदार तमाचा है इस ग़रीब परिवार की कहानी,जो चीख़ चीख़ पर बता रही है कि किस क़दर प्रधानमंत्री मोदी की महत्वाकांक्षी योजनाओं को भ्रष्ट तंत्र के चलते पलीता लगाया जा रहा है।

क्या है पूरा मामला..?

वाराणसी की एक महिला ने अपने पति का इलाज न करा पाने और गरीबी की मजबूरी के कारण अपने बच्‍चों के साथ इच्‍छामृत्‍यु मांगकर सरकार के दावों पर ही सवाल खड़ा कर दिया है।चोलापुर के मुरेरी गांव की रहने वाली सुमन मिश्रा जब अपने सात और दस साल के दो बच्‍चों प्रिंस और रौनक के साथ शनिवार को वाराणसी कचहरी में पहुंचीं तो गरीब परिवार की हालत देखकर लोगों का दिल पसीज गया।तख्‍तियों पर प्रधानमंत्री मोदी को दादा जी’ संबोधित करते लिखा था कि ‘आयुष्‍मान योजना का लाभ और एक दाना भी नहीं मिला..भूख सहन नहीं होती..अब इच्‍छामृत्‍यु दे दो।'

बिलखते हुए सुमन ने बताया कि प्राइवेट नौकरी करने वाले उसके पति संजय मिश्र एक साल से किडनी की बीमारी से जूझ रहे हैं। इस वजह से नौकरी छूट गई। दोनों किडनी खराब होने से सप्‍ताह में तीन दिन डायलिसिस कराना होता है। पति की तबीयत बिगड़ने पर आयुष्‍मान भारत योजना में कई बार आवेदन किया मगर योजना का लाभ नहीं मिल सका।

यह भी पढ़े:राम जेठमलानी का निधन-इंद्रा के हत्यारों से लेकर अंडरवर्ल्ड तक और शाह से लेक़र आसाराम तक हर बड़े केस से जुड़े रहे जेठमलानी.!

पति की जान बचाने के लिए सुमन ने गहने, घर के बर्तन व अन्‍य सामान बेच दिए। यहां तक कि सुहाग की निशानी भी बिक गई। दोनों बच्‍चों की पढ़ाई भी छूट गई। अब दो समय की रोटी के लिए भी पैसे न बचने से बच्‍चे भूख से बिलबिला रहे हैं तो संजय का इलाज भी नहीं हो पा रहा है। सुमन का कहना है कि वह अपने पति को मरता हुआ नहीं देख सकती। इस वजह से बच्‍चों के साथ इच्‍छा मृत्‍यु मांग रही है।

क्या बोले जिम्मेदार..?

कचहरी परिसर में कुछ लोगों ने सुमन को आर्थिक मदद की और प्रधानमंत्री के संसदीय कार्यालय रवींद्रपुरी जाने की सलाह दी। वहां जाने पर कार्यालय प्रभारी ने दो टूक कहा, उसके रहने का इलाका चंदौली संसदीय क्षेत्र में आता है। इसलिए अपने सांसद डॉ.महेंद्र नाथ पांडेय से संपर्क करे। कही से भी मदद की आस न होने पर बच्‍चों को लिए सुमन उस अस्‍पताल के बाहर रोती-बिलखती रही, जहां उसका पति भर्ती है। 

Tags:

Latest News

UPSRTC Job: यूपी में महिलाओं के लिए 2584 नौकरियां, मेरिट से होगा चयन, अपने जिले में मिलेगी तैनाती UPSRTC Job: यूपी में महिलाओं के लिए 2584 नौकरियां, मेरिट से होगा चयन, अपने जिले में मिलेगी तैनाती
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम ने 2584 महिला परिचालकों की संविदा भर्ती की घोषणा की है. इंटरमीडिएट और CCC प्रमाणपत्र अनिवार्य...
Fatehpur News: भ्रष्टाचार में डूबा है फतेहपुर का राजस्व विभाग, तहसील में अधिकारियों के पास बैठे हैं रिश्वतखोर एजेंट
Uttar Pradesh: ईद पर ‘खून की होली’ बयान से गरमाया फतेहपुर, पूर्व BJP जिलाध्यक्ष मुखलाल पाल का वीडियो वायरल
आज का राशिफल (Aaj Ka Rashifal) 20 मार्च 2026: नवरात्र के दूसरे दिन बनी रहेगी माता रानी की कृपा, जानिए सभी राशियों का दैनिक भाग्यफल
Fatehpur News: फतेहपुर में पत्रकार की संदिग्ध मौत से सनसनी ! कमरे में मिला शव, परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
आज का राशिफल 18 मार्च 2026: किस राशि की चमकेगी किस्मत और किसे रहना होगा सावधान
फतेहपुर से बंगाल के डीजीपी तक का सफर: जानिए कौन हैं IPS सिद्धनाथ गुप्ता जिनकी रणनीति पर टिका है चुनाव

Follow Us