Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

History Of Kanpur Name: क्या आप जानते हैं 'कान्हपुर' से कैसे बना कानपुर अब तक बीस बार बदल चुका है नाम?

History Of Kanpur Name: क्या आप जानते हैं 'कान्हपुर' से कैसे बना कानपुर अब तक बीस बार बदल चुका है नाम?
कान्हपुर से कानपुर बनने का इतिहास : फाइल फोटो

सुनने में जितना भौकाली यहाँ के लोगों की बात है उतनी ही निराली इसकी पहचान है शायद इसीलिए उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े इस शहर को यहाँ के लोगों की मस्ती और सादगी शहरों से अलग करती है.गंगा किनारे बसे इस शहर में दिनभर गाड़ियों का शोर शराबा है तो वहीं गंगा किनारे की शांति है. यहाँ के मंदिरों में सुबह शाम होने वाली भगवान की आरती तो मस्जिदों में होने वाली नमाज शहरवासियों को एक दूसरे से जोड़े रखती है. इसीलिए गंगा किनारे बसे इस शहर को गंगाजमुनी तहजीब के लिए भी जाना जाता है.ये वही शहर है जहां से स्वतंत्रता की अल


हाईलाइट्स

  • कान्हपुर से कैसे बना कानपुर 20 बार बदला है शहर का नाम
  • 1700 दशक से 1948 तक कानपुर के बदला नाम
  • पूरब का मैनचेस्टर भी शहर को कहा जाता है

Kanpur city name change 20 times : कानपुर ने 1857 से लेकर 1947 तक अंग्रेजी हुकूमत के हमेशा नाक में दम कर रखा , 1700 दशक से लेकर अबतक इस शहर नाम 20 बार बदला जा चुका है ऐसी है इस शहर की कहानी.

इतिहासकार बताते है कि कानपुर का नाम 20 बार बदला है, ऐसा भी बताते है कि यहां राजा कान्हपुर के नाम से शहर का नाम पहले पड़ा कन्हापुर, वर्ष 1803 में कानपुर शहर की स्थापना हुई थी, 220 वर्ष के हो चुके कानपुर शहर को औद्योगिक कारखानो व मीलों व ऐतिहासिक इमारतों के लिए भी जाना जाता है, इसे एशिया का कभी मेनचेस्टर भी कहा जाता था हालांकि हर इतिहासकार के कुछ अलग ही बताने के अपने तरीके है फिर भी इस शहर का नाम सबसे पहले 1770 में बदला गया तब यहां अंग्रेज ग्रेबियल होपर ने CAWNPOOR नाम दिया, इस नाम का कई दस्तावेजो में ज़िक्र भी है. 

सचेंडी के राजा हिन्दू सिंह ने की शहर की स्थापना

उधर सचेंडी के राजा हिन्दू सिंह को भी शहर का जनक माना जाता है,जिन्होंने शहर की स्थापना की जिसका सबसे पहले मूल नाम कान्हपुर था, तो वहीं महाभारत काल से भी इस शहर का नाता रहा है. अंग्रेजी हुकूमत में शहर के नाम बदलने का सिलसिला 1770 से 1948 तक चला. अंग्रेजो के जाने के बाद शहर की आबोहवा भी बदली, इस शहर से कई बड़े नेता भी शीर्ष कुर्सी तक पहुंचे और यहां का रहन सहन अपने आप में मिलनसार है

Read More: Jagannath Temple In UP: फतेहपुर में बनेगा प्रदेश का पहला जगन्नाथ मंदिर ! पुरी की तर्ज पर होगा निर्माण, 2 नवंबर को होगा भूमि पूजन

कानपुर के पुराने नाम

Read More: Fatehpur News: फतेहपुर में श्री अन्न रेसीपी प्रतियोगिता और तिलहन मेला सम्पन्न, चौहान स्वीट्स को मिला पहला स्थान

  • 1- 1770 में ग्रवियल हार्पर ने CAWNPOOR दिया.
  • 2-1776 में CAUNPOUR
  • 3-1785 में CAUNPORE
  • 4-1788 में CAWNPOUR
  • 5-1790 में KAWNPORE, 1788 में CAWNPORE 1857 की क्रांति के बाद से 1948 तक प्रचलित.
  • 6-1795 में CAWNPOR
  • 7-1798 में CAWNPOR
  •  8-KAUNPOOR
  • 9-KHANPORE
  • 10-KHANPURA
  • 11-KHANPORE
  • 12-KHANPURA
  • 13-KHANPORE
  • 14-1815 -CAUNPOOR
  • 15-1825-KHANPOOR
  • 16-1857-KANHPUR,1857 की क्रांति के उपरांत
  • 17-CAWNPOUR
  • 18-1879-CAAWNPORE
  • 19-CAWNPOR
  • 20-COWNPOUR,और 1948 में आखिर नाम KANPUR पड़ा जो वर्तमान में भी बोला जाता है.

Latest News

Murder In UP: फतेहपुर में कारोबारी जमींदार जयराज मानसिंह की हत्या, खेत में पड़ा मिला शव, जिले में दहशत Murder In UP: फतेहपुर में कारोबारी जमींदार जयराज मानसिंह की हत्या, खेत में पड़ा मिला शव, जिले में दहशत
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में कारोबारी और वरिष्ठ अधिवक्ता जयराज मानसिंह की दिनदहाड़े गला रेतकर हत्या कर दी गई. मैनेजर...
India Vs Nz T20: नागपुर में टीम इंडिया का अभिषेक ! पहले टी20 मुकाबले में कीवीज़ को 48 रन से हराया
Fatehpur News: आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों से अवैध वसूली करतीं सुपरवाइजर कैमरे में कैद ! दर्ज हुआ मुकदमा, मचा हड़कंप
आज का राशिफल 21 जनवरी 2026: किस राशि की बढ़ने वाली हैं मुश्किलें, कौन होगा मालामाल, जानिए सभी का दैनिक भाग्यफल
IIT Kanpur News: P.hd छात्र ने हॉस्टल की बिल्डिंग से छलांग लगाकर दी जान
Fatehpur News: फतेहपुर में सामाजिक सेवा बनाम प्रतिष्ठा की जंग ! रक्तदान शिवरों को लेकर संस्थाओं के बीच टकराव
UP News: यूपी रोडवेज में बंपर भर्ती ! आठवीं पास बनेंगे बस ड्राइवर, इस तारीख को लग रहा है रोजगार मेला

Follow Us