पद्मश्री से सम्मानित हुआ यह बुजुर्ग शख़्स ग़रीबी में भी बन गया गरीबों का मसीहा..!
इस साल पद्मश्री सम्मान के लिए चुने गए एक बुजुर्ग शख़्स की कहानी बेहद भावुक कर देने वाली है...पढ़े पूरी खबर युगान्तर प्रवाह पर।
डेस्क:इस साल पद्मश्री सम्मान से नवाज़े गए समाजसेवी बुजुर्ग जगदीश लाल आहूजा की कहानी बेहड़ भावुक कर देने वाली है।चंडीगढ़ के रहने वाले 87 वर्षीय जगदीश लाल आहूजा और उनका परिवार पद्मश्री मिलने पर बेहद खुश है।

जगदीश लाल आहूजा युवा अवस्था से ही गरीबों को मुफ़्त भोजन, कम्बल आदि बांटते रहें हैं।जैसे जैसे उनका व्यापार बढ़ा तो उन्होंने समाजसेवा का काम भी वृहद कर दिया।वह जो भी काम करते हैं उसमें किसी से भी कोई सहयोग नहीं लेते हैं।इस समय आहूजा चंडीगढ़ के दो बड़े अस्पतालों के बाहर रोज मुफ़्त खाना बाँटते हैं। (padam shree award 2020)
जगदीश ने कहा, 'मुझे जब इस सम्मान से नवाजे जाने के लिए फोन आया तो मेरे पैर से जमीन जैसे खिसकने लगी, यकीन ही नहीं हुआ. पहले तो मैंने फोन उठाया ही नहीं, लेटा रहा. एक घंटे बाद देखा और मैंने वापस फोन मिलाया, तो पता चला मुझे पद्मश्री मिल रहा है।फोन 25 तारीख को आया था और 26 को आने को कह रहे थे, लेकिन मेरी तबीयत ठीक नहीं, तो मैंने कह दिया मैं बीमार हूं, बाद में ही आऊंगा।'
