
Heavy Flood In Himachal : कुदरत के क़हर से हिला हिमाचल,सीएम ने राज्य में केंद्र से राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की करी मांग
दिल्ली,हिमाचल ,पंजाब और उत्तराखंड में बारिश का सैलाब टूट पड़ा है.हिमाचल में तो सबसे ज्यादा बुरे हालात हैं.मूसलाधार बारिश और भूस्खलन के चलते व्यास नदी की बाढ़ से हिमाचल के कई जिलों में तबाही का मंजर दिखाई दिया है.कई लोगों के मौत की खबर भी सामने आई है.हिमाचल के सीएम ने लोगों को घर से बहार न निकलने की अपील भी कर दी है.
हाईलाइट्स
- हिमाचल में आफत की बाढ़, पहाड़ी इलाको में बारिश से हालत बदतर
- हिमाचल सीएम ने केंद्र से राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की मांग
- उफनाती नदी की बाढ़ का मंजर बड़ा खौफ़नाक, तेज बारिश से बढ़ रहा ब्यास नदी का जलस्तर
Himachal CM appeals to everyone to stay at home : हिमाचल प्रदेश के कई जिले तेज बारिश और बाढ़ की चपेट में है..यहां कुल्लू ,मनाली,मंडी ,कसोल ,शिमला समेत अन्य जिलों में तबाही का मंजर बड़ा ही भयावह दिखाई दिया है.जिसके वीडियो भी प्राप्त हुए हैं. पहाड़ों से आफत बनकर ब्यास नदी की बाढ़ उफान पर है और चारो ओर तबाही मचा रखी है. मंडी जिले में बादल फटने की सूचना प्राप्त हुई है.

हिमाचल में सबसे ज्यादा बुरा हाल मंडी में फटा बादल


सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अलर्ट रहने के निर्देश के साथ ही घरों से न निकलने की अपील की है. हिमाचल के लोगों से अगले 24 घंटों तक अपने घरों के अंदर रहने की अपील की गई है. अगले 24 घंटों में तीव्र बारिश की संभावना है. सीएम ने 3 हेल्पलाइन नंबर 1100, 1070 और 1077 भी जारी किया है.जिससे किसी भी तरह की परेशानी हो तो तत्काल इन नम्बरों पर सूचना दें.

हिमाचल प्रदेश के कई जिले बुरी तरह बारिश और बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. इसी को दृष्टिगत रखते हुए शिमला-चंडीगढ़ हाइवे को बंद कर दिया गया है.हिमाचल में बाढ़ की तबाही से बिजली व्यवस्था चरमरा गई है. मंडी जिले में बादल फटने के बाद बाढ़ और तीव्र हो चुकी है.यहां प्रशासन ने लोगों को सुरक्षित जगहों पर जाने के आदेश दिए हैं. हाइवे खोलने में लग सकता है काफी समय. यहां पुल भी बह गए.

मनाली में होटल बह गया वही वाहन बह गए कुदरत का कहर इतना भयानक होगा यह नहीं सोचा था. ब्यास नदी की लहरों ने तांडव मचाया और देखते ही देखते होटल की इमारत ढह गई.हर तरफ बर्बादी ही बर्बादी है,जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया है.बारिश के चलते पहाड़ो की मिट्टी कमजोर होने लगी है. लहरों के रौद्र रूप की वजह से काफी तबाही हुई.शिमला में सतलज का पानी भी हाहाकार मचा रहा है.चंबा में भी हालत गम्भीर है.
