Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

UP:इलाहाबाद से प्रयागराज बना शहर अब फ़िर से बनेगा इलाहाबाद..?

UP:इलाहाबाद से प्रयागराज बना शहर अब फ़िर से बनेगा इलाहाबाद..?
प्रतीकात्मक फ़ोटो साभार गूगल

योगी सरकार द्वारा यूपी के इलाहाबाद शहर का नाम बदलकर प्रयागराज किए जाने के सम्बंध में सुप्रीम कोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी किया है..क्या है पूरा मामला जानें युगान्तर प्रवाह की इस रिपोर्ट में।

डेस्क:यूपी में योगी सरकार बनने के बाद कई शहरों के नाम में कैबिनेट के फैसलों के बाद परिवर्तन किया गया है।इनमें से जिस नाम परिवर्तन को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा रही वह है इलाहाबाद शहर का नाम बदलकर प्रयागराज करना।

ये भी पढ़े-दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020-'आप' के अरविंद के खिलाफ ताल ठोकेंगे यादव..बग्गा को भी टिकट..बीजेपी ने जारी की दूसरी सूची..!

इलाहाबाद का नाम बदलकर प्रयागराज किए जाने पर विपक्षी दलों द्वारा इसे धर्म की राजनीति बताई गई तो वहीं सरकार ने अपने फैसले को जायज ठहराया।सरकार के इस निर्णय के खिलाफ हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका इलाहाबाद हेरिटेज सोसाइटी की ओर से दायर की गयी।जिस पर बीते 26 फरवरी 2019 को हाईकोर्ट ने याचिका को ख़ारिज करते हुए कहा था कि शहर का सिर्फ नाम बदलने से जनहित प्रभावित नहीं होता है।हाईकोर्ट ने तब यह भी कहा था कि वे सरकार के नीतिगत फैसलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं।

ये भी पढ़े-CAA के समर्थन में रैली निकाल रहे लोगों और प्रशासन के बीच झड़प..एसडीएम ने जड़ा थप्पड़..!

Read More: IMD Weather Alert: उत्तर प्रदेश सहित 11 राज्यों में बदलेगा मौसम, आंधी-बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी

इसके बाद याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट के इस फ़ैसले को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट में केस फ़ाइल किया।जिस पर सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने उत्तर प्रदेश सरकार को नोटिस जारी किया है।

Read More: खाड़ी संकट से कांपा मोरबी का टाइल हब: गैस आपूर्ति रुकी, 100 से ज्यादा फैक्ट्रियां बंद, 4 लाख नौकरियों पर खतरा

याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया है, ‘इस शहर से ‘इलाहाबाद’ नाम 400 सालों से ज्यादा समय से जुड़ा हुआ है।यह नाम अब केवल एक स्थान का नाम नहीं है, बल्कि शहर और सभी धर्मों के लोगों की पहचान है।यह शहर के निवासियों और इलाहाबाद के जिलों के दिन-प्रतिदिन के सांस्कृतिक अनुभव का हिस्सा है।’

Read More: PM Kisan 22nd Installment 2026: जारी हुई 22वीं किस्त, लेकिन कई किसानों के खाते में नहीं पहुंचे 2000 रुपये, तुरंत करें ये 5 काम

याचिका में दावा किया गया है कि नियमों और प्रक्रियाओं को उल्लंघन कर इस शहर का नाम बदला गया है।

अब योगी सरकार को सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी की गई नोटिस का जवाब देना है।इसके बाद ही इस पर फैसला होगा कि इलाहाबाद प्रयागराज बना रहेगा या फिर से इलाहाबाद 'इलाहाबाद' हो जाएगा।

21 Jan 2020 By Shubham Mishra

UP:इलाहाबाद से प्रयागराज बना शहर अब फ़िर से बनेगा इलाहाबाद..?

डेस्क:यूपी में योगी सरकार बनने के बाद कई शहरों के नाम में कैबिनेट के फैसलों के बाद परिवर्तन किया गया है।इनमें से जिस नाम परिवर्तन को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा रही वह है इलाहाबाद शहर का नाम बदलकर प्रयागराज करना।

ये भी पढ़े-दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020-'आप' के अरविंद के खिलाफ ताल ठोकेंगे यादव..बग्गा को भी टिकट..बीजेपी ने जारी की दूसरी सूची..!

इलाहाबाद का नाम बदलकर प्रयागराज किए जाने पर विपक्षी दलों द्वारा इसे धर्म की राजनीति बताई गई तो वहीं सरकार ने अपने फैसले को जायज ठहराया।सरकार के इस निर्णय के खिलाफ हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका इलाहाबाद हेरिटेज सोसाइटी की ओर से दायर की गयी।जिस पर बीते 26 फरवरी 2019 को हाईकोर्ट ने याचिका को ख़ारिज करते हुए कहा था कि शहर का सिर्फ नाम बदलने से जनहित प्रभावित नहीं होता है।हाईकोर्ट ने तब यह भी कहा था कि वे सरकार के नीतिगत फैसलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं।

ये भी पढ़े-CAA के समर्थन में रैली निकाल रहे लोगों और प्रशासन के बीच झड़प..एसडीएम ने जड़ा थप्पड़..!

इसके बाद याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट के इस फ़ैसले को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट में केस फ़ाइल किया।जिस पर सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने उत्तर प्रदेश सरकार को नोटिस जारी किया है।

याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया है, ‘इस शहर से ‘इलाहाबाद’ नाम 400 सालों से ज्यादा समय से जुड़ा हुआ है।यह नाम अब केवल एक स्थान का नाम नहीं है, बल्कि शहर और सभी धर्मों के लोगों की पहचान है।यह शहर के निवासियों और इलाहाबाद के जिलों के दिन-प्रतिदिन के सांस्कृतिक अनुभव का हिस्सा है।’

याचिका में दावा किया गया है कि नियमों और प्रक्रियाओं को उल्लंघन कर इस शहर का नाम बदला गया है।

अब योगी सरकार को सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी की गई नोटिस का जवाब देना है।इसके बाद ही इस पर फैसला होगा कि इलाहाबाद प्रयागराज बना रहेगा या फिर से इलाहाबाद 'इलाहाबाद' हो जाएगा।

Tags:

Latest News

Bihar Politics: बिहार की राजनीति से समाप्त हुआ नीतीश युग! 20 साल बाद सत्ता से विदा हुए कुमार, जानिए पूरा राजनीतिक सफर Bihar Politics: बिहार की राजनीति से समाप्त हुआ नीतीश युग! 20 साल बाद सत्ता से विदा हुए कुमार, जानिए पूरा राजनीतिक सफर
करीब दो दशकों तक बिहार की सत्ता के केंद्र में रहे नीतीश कुमार ने आखिरकार मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे...
Fatehpur News: फतेहपुर में गजब मामला ! कपड़े बेचने वाला निकला करोड़पति, जांच में खुली सच्चाई
Fatehpur News: मंच पर डिप्टी सीएम के स्वास्थ्य के दावे, चंद कदम दूर महिला अस्पताल की ओटी एक महीने से बंद
Asha Bhosle Biography: संघर्ष, सुर और सिसकियों की कहानी, 16 की उम्र में शादी, बेटी की मौत और 12,000 गानों की विरासत
Asha Bhosle News: सुरों की मलिका आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट, अस्पताल में भर्ती, PM मोदी ने की स्वस्थ होने की कामना
आज का राशिफल 12 अप्रैल 2026: इन चार राशियों पर शनि की वक्र दृष्टि, दिनभर रहें सतर्क, जानिए सभी 12 राशियों का हाल
फतेहपुर बार चुनाव 2026: एक वोट ने पलटा समीकरण, बाबू सिंह यादव बने अध्यक्ष, अनुराग मिश्रा महामंत्री

Follow Us