Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

मुद्दा:नोटबंदी से एक ही झटके में 50 लाख लोग हुए बेरोजगार..एक रिपोर्ट में हुआ खुलासा.!

मुद्दा:नोटबंदी से एक ही झटके में 50 लाख लोग हुए बेरोजगार..एक रिपोर्ट में हुआ खुलासा.!
फोटो-युगान्तर प्रवाह

मोदी सरकार के नोटबन्दी वाले फ़ैसले से एक साथ 50 लाख लोगों की नौकरियां छिन गई,इसका खुलासा एक रिपोर्ट के ज़रिए हुआ है..पढ़े पूरे मामले पर युगान्तर प्रवाह की एक रिपोर्ट।

नई दिल्ली: मोदी सरकार द्वारा लिया गया नोटबंदी का फ़ैसला एक ऐसा निर्णय था जिसके चलते लोगों को भारी दिक्कतों का सामना उठाना पड़ा था।अब एक रिपोर्ट के ज़रिए यह दावा किया जा रहा है कि नोट बंदी से एक साथ पचास लाख लोगों की नौकरियां चली गई और इतनी बड़ी संख्या में लोग बेरोजगार हो गए।

यह भी पढ़े: भारत में बैन हुआ टिकटॉक-अब नहीं होगा डाउनलोड.!

क्या है आख़िर रिपोर्ट में..?

अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर ससटेनेबल इम्पलॉयमेंट की ओर से जारी ‘स्टेट ऑफ़ वर्किंग इंडिया 2019’ रिपोर्ट में यह दावा किया गया है कि नोटबंदी के चलते पिछले 2 सालों में 50 लाख लोगो की नौकरियां चली गईं हैं। रिपोर्ट कहती है कि देश में बेरोजगारी की दर 2018 में बढ़कर सबसे ज़्यादा 6 प्रतिशत हो गई है और यह 2000 से लेकर 2010 के दशक के दौरान बेरोज़गारी की दर से दोगुनी है।

Read More: UPSC Topper Anuj Agnihotri: कौन हैं अनुज अग्निहोत्री जिन्होंने डॉक्टरी के पेशे को छोड़ अपनाई यूपीएससी की राह

रिपोर्ट के जरिए किया गया एक और दावा बेहद चिंताजनक है।इसके मुताबिक़, 20 से 24 साल के आयु वर्ग में बेरोज़गारी सबसे ज़्यादा है। रिपोर्ट यह भी कहती है कि नौकरियाँ जाने से पुरुषों से कहीं ज़्यादा नुक़सान महिलाओं को हुआ है। रिपोर्ट तैयार करने वाली टीम ने बताया है कि यह रिपोर्ट 1,60,000 परिवारों से बातचीत के आधार पर तैयार की गई है।

Read More: महिला दिवस पर जानिए बेटियों का कानूनी अधिकार: पिता की संपत्ति में कितना होता है बेटी का हिस्सा, क्या कहता है कानून

8 नवम्बर 2016 को हुई थी नोटबंदी...

Read More: पंकज चौधरी को प्रदेश और नितिन नबीन को राष्ट्रीय स्तर की जिम्मेदारी ! जानिए दोनों नेताओं की कुल संपत्ति कितनी है

प्रधानमंत्री मोदी ने 8 नवम्बर 2016 को रात 8 बजे राष्ट्र के नाम अपना संबोधन देते हुए नोटबंदी का फैसला सुनाया था उन्होंने अपने फैसले में कहा था कि 8 नवम्बर की रात 12 बजे से 1000 और 500 के नोट लीगल टेंडर नहीं रहेंगे जिसका मतलब था कि 1000 और 500 के नोटों को चलन से बाहर कर दिया गया है।

गौरतलब है कि नोटबंदी के बाद लोगो को अपना ही पैसा बदलने के लिए कई कई दिनों तक लाइनो में लगना पड़ा था जिससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना उठाना पड़ा था।तब प्रधानमंत्री मोदी ने देश की जनता से भ्रष्टाचार को जड़ से समाप्त करने के लिए 50 दिनों का वक्त मांगा था।लेक़िन अब जब रिपोर्ट में नोटबन्दी से इतनी बड़ी तादात में लोंगो के बेरोजगार होने का खुलासा हुआ है तो मोदी की इन लोकसभा चुनावों के बीच मुश्किलें बढ़ना तय है।क्योंकि विपक्ष लगातार मोदी के ऊपर नोटबन्दी के फैसले को लेकर हमलावर था और इसे तुग़लकी फरमान बताया था।

Tags:

Latest News

Fatehpur News: फतेहपुर नगर पालिका क्षेत्र में विकास की मांग ! सड़क से लेकर पार्क तक, जाने क्या है इस प्रस्ताव में Fatehpur News: फतेहपुर नगर पालिका क्षेत्र में विकास की मांग ! सड़क से लेकर पार्क तक, जाने क्या है इस प्रस्ताव में
फतेहपुर नगर पालिका परिषद के वार्ड नंबर-02 आवास विकास कॉलोनी के सभासद दीपक कुमार मौर्य ने क्षेत्र के विकास कार्यों...
UP Weather News: यूपी में कुदरत का करिश्मा ! मार्च बना दिसंबर, कई जिलों में छाया भयंकर कोहरा
Kal Ka Rashifal: किस राशि के जातक की बदलेगी किस्मत, इनको हो सकती है बड़ी परेशानी
UP News: ओवरलोडिंग पर आईजी की सख्ती, फतेहपुर-बांदा की 18 चर्चित फर्में रडार पर, सूची में पूर्व विधायक भी शामिल
खाड़ी संकट से कांपा मोरबी का टाइल हब: गैस आपूर्ति रुकी, 100 से ज्यादा फैक्ट्रियां बंद, 4 लाख नौकरियों पर खतरा
UPPCL News: यूपी में स्मार्ट मीटर के नाम पर 127 करोड़ की वसूली ! अब पैसे लौटाएगा बिजली विभाग
आज का राशिफल 09 मार्च 2026: दर्पण देख कर करें यात्रा बनेंगे बिगड़े काम, जानिए सभी राशियों का दैनिक भाग्यफल

Follow Us