
पितृ पक्ष 2020:आज से शुरू हुआ कब होगा समाप्त..कैसे करें पितरों का श्राद्ध औऱ तर्पण..!
2 सितंबर से पूर्णिमा के श्राद्ध के साथ पितृ पक्ष का आरम्भ हो गया है..पढ़ें युगान्तर प्रवाह की एक रिपोर्ट..
डेस्क:दो सितंबर से पितृ पक्ष आरम्भ हो गया है।हिन्दू धर्मशास्त्रों के अनुसार पितृ पक्ष 15 दिनों का होता है।इन 15 दिनों में पितरों(पूर्वजों) को याद किया जाता है।इन 15 दिनों के बीच में अलग अलग तिथियों में श्राद्ध किया जाता है।इस साल 2 सितंबर से पितृ पक्ष शुरू हुआ है।जो 17 सितंबर तक चलेगा उस दिन अमावस्या के श्राद्ध के साथ पितृ पक्ष का समापन हो जाएगा।

पूर्णिमा का श्राद्ध 2 सितंबर को होगा। इस क्रम में प्रतिपदा का श्राद्ध 3, द्वितीया का 4, तृतीया का 5, चतुर्थी का 6, पंचमी का 7, षष्ठी का 8, सप्तमी का 9, अष्टमी का 10, नवमी का 11, दशमी का 12, एकादशी का 13, द्वादशी का 14, त्रयोदशी का 15 और चतुर्दशी का 16 सितंबर को श्राद्ध कर्म किया जाएगा।



इस दौरान पिंड दान भी करना चाहिए।श्राद्ध कर्म में पके हुए चावल, दूध और तिल को मिलाकर पिंड बनाए जाते हैं।पिंड को शरीर के प्रतीक के रूप में देखा जाता है। pitru paksh news

श्राद्ध के दौरान पाना खाने, तेल लगाने और संभोग की मनाही है।इस दौरान रंगीन फूलों का भी इस्तेमाल नहीं किया जाता है। पितृ पक्ष 2020
पितृ पक्ष में चना, मसूर, बैंगन, हींग, शलजम, मांस, लहसुन, प्याज और काला नमक भी नहीं खाया जाता है। pitru paksha rule in hindi
इस दौरान नए वस्त्र, नया भवन, गहने या कीमती सामान को खरीदने से भी कई लोग परहेज करते हैं।
