
फ़तेहपुर:नशे में धुत पीआरडी के जवानों ने विकास भवन में मचाया उत्पात..फिल्मी स्टाइल में छः घंटे चला ड्रामा.!
विकास भवन के अंदर शराब के नशे में पीआरडी के जवानों ने खूब उत्पात मचाया..गाली गलौज और आरोप प्रत्यारोप से लगभग छः घंटे आस पास के अधिकारी और कर्मचारी परेशान रहे..पढ़े युगान्तर प्रवाह की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट..
फ़तेहपुर:शोले फ़िल्म जैसा नज़ारा सोमवार को विकास भवन के अंदर देखने को मिला।बस यहां पानी की टंकी की जगह युवा कल्याण अधिकारी की चौखट थी जिसके बाहर नशे में धुत पीआरडी का जवान ड्यूटी न लगने पर आत्महत्या की धमकी दे रहा था।वहीं उसका दूसरा साथी नशे की हालत में अपने अधिकारी को गाली दे रहा था।और अपने साथी की पिटाई कर रहा था।

विकास भवन के अंदर छः घण्टे चला ड्रामा..तमाशबीन बने रहे अधिकारी..

कनिष्ठ लिपिक अवधेश कुमार ने बताया कि इन दोनों में किसी बात को लेकर बहस हो रही थी उसके बाद बाहर जाकर दोनों ने शराब पी और फिर यहां आकर उत्पात मचाने लगे और आपस में लड़ने लगे। बताया जा रहा है कि लगभग छः घण्टे तक विकास भवन में इन दोनों पीआरडी के जवानों का ड्रंकन ड्रंक ड्रामा चलता रहा। कई कर्मचारी तमाशबीन रहे तो कुछ ने इसका विरोध किया।

पीआरडी के जवान बीर सिंह ने नशे की हालत में बताया कि ड्यूटी न लगने की वजह से वो काफी परेशानी थे इसलिए वो आत्महत्या करने आए थे। वहीं खजुहा के रहने वाले जितेंद्र कुमार पाल ने पैसे लेकर ड्यूटी लगाने का आरोप लगाया।

विकास भवन से महज चंद कदमों की दूरी पर पुलिस चौकी बनी है लेकिन उसके बाउजूद पुलिस ने इन दोनों पीआरडी के जवानों को वहां से हटाना मुनासिब नहीं समझा।सूत्रों की माने तो चौकी की पुलिस वहां गई थी लेकिन जवानों की बदसलूकी के चलते पुलिस वहां से चली गई।

विकास भवन में छः घंटे चले इस फ़िल्मी ड्रामे के विषय मे जब जिला युवा कल्याण अधिकारी मनोज कुमार से पूछा गया तो सब कुछ जानते हुए भी अपने पीआरडी के जवानों को पहचानने से इनकार कर दिया। पीआरडी के जवानों के आरोप पर जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि मामलों को संज्ञान में लेते हुए जांच कराई जाएगी..उन्होंने कहा कि एम्बुलेंस के माध्यम से नशे में घुत जवान को अस्पताल भेजा गया है।
