Please enable JavaScript to support our website by allowing ads.

अमेरिका:67 सालों बाद किसी महिला को सुनाई गई मौत की सज़ा..फाँसी नहीं इस दर्दनाक तरीक़े से दी जाएगी मौत..!

अमेरिका:67 सालों बाद किसी महिला को सुनाई गई मौत की सज़ा..फाँसी नहीं इस दर्दनाक तरीक़े से दी जाएगी मौत..!
फ़ोटो साभार गूगल।

अमेरिका में आख़री बार किसी महिला अपराधी को साल 1953 में फाँसी दी गई थी, इसके बाद अब 2020 में फ़िर एक महिला अपराधी को कोर्ट ने सजा-ए-मौत दी है..पढ़ें पूरी ख़बर युगान्तर प्रवाह पर..

डेस्क:अमेरिका में एक गर्भवती महिला की गला घोंटकर हत्या और फ़िर उसका पेट फाड़कर नवजात का अपरहण करने वाली एक महिला अपराधी को कोर्ट ने मृत्यु दंड की सजा सुनाई है। america 

ये भी पढ़ें-फतेहपुर:खागा ट्रिपल मर्डर-15 को उम्रकैद की सज़ा..क्रॉस केस में सभी बरी..ज़िले के दो बड़े रसूखदार परिवारों से जुड़ा है मामला.!

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वर्ष 2004 में पालतू कुत्ता खरीदने के बहाने 23 वर्षीय बॉबी स्टीनेट के मिसौरी स्थित घर पहुंची दोषी लिसा मांटगोमेरी ने इस दर्दनाक हत्याकांड को अंजाम दिया था। तब 36 साल की मांटोगोमैरी ने सबसे पहले 8 महीने की गर्भवती स्टीनेट का रस्सी से गला घोंटकर दम निकाला। फिर उसका पेट फाड़कर बच्चे को लेकर फरार हो गई।पकड़े जाने पर मोंटगोमरी ने मिसौरी की अदालत में अपराध स्वीकार कर लिया था और फिर 2008 में जज ने उसे अपहरण व हत्या का दोषी ठहराया।हालांकि मामले की सुनवाई के दौरान दोषी के वकीलों ने कोर्ट में उसके बीमार होने का तर्क दिया और लेकिन जज ने इसे खारिज कर दिया। america death sentence women

कोर्ट के आदेश पर दोषी महिला अपराधी को आठ दिसम्बर के दिन मृत्युदंड दिया जाएगा।उल्लेखनीय है कि अमेरिका में मृत्युदंड के लिए फाँसी नहीं बल्कि जहरीला इंजेक्शन लगाया जाता है।जिसके चलते कुछ मिनटों में सजा पाए अपराधी की मौत हो जाती है।

Read More: White House Shooting: व्हाइट हाउस के बाहर चलीं ताबड़तोड़ गोलियां, ट्रंप अंदर मौजूद थे, हमलावर नसीरे बेस्ट ढेर

रिपोट्स के अनुसार अमेरिका में आख़री बार किसी महिला अपराधी को साल 1953 में सजा-ए-मौत दी गई थी।

20 Oct 2020 By Shubham Mishra

अमेरिका:67 सालों बाद किसी महिला को सुनाई गई मौत की सज़ा..फाँसी नहीं इस दर्दनाक तरीक़े से दी जाएगी मौत..!

डेस्क:अमेरिका में एक गर्भवती महिला की गला घोंटकर हत्या और फ़िर उसका पेट फाड़कर नवजात का अपरहण करने वाली एक महिला अपराधी को कोर्ट ने मृत्यु दंड की सजा सुनाई है। america 

ये भी पढ़ें-फतेहपुर:खागा ट्रिपल मर्डर-15 को उम्रकैद की सज़ा..क्रॉस केस में सभी बरी..ज़िले के दो बड़े रसूखदार परिवारों से जुड़ा है मामला.!

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वर्ष 2004 में पालतू कुत्ता खरीदने के बहाने 23 वर्षीय बॉबी स्टीनेट के मिसौरी स्थित घर पहुंची दोषी लिसा मांटगोमेरी ने इस दर्दनाक हत्याकांड को अंजाम दिया था। तब 36 साल की मांटोगोमैरी ने सबसे पहले 8 महीने की गर्भवती स्टीनेट का रस्सी से गला घोंटकर दम निकाला। फिर उसका पेट फाड़कर बच्चे को लेकर फरार हो गई।पकड़े जाने पर मोंटगोमरी ने मिसौरी की अदालत में अपराध स्वीकार कर लिया था और फिर 2008 में जज ने उसे अपहरण व हत्या का दोषी ठहराया।हालांकि मामले की सुनवाई के दौरान दोषी के वकीलों ने कोर्ट में उसके बीमार होने का तर्क दिया और लेकिन जज ने इसे खारिज कर दिया। america death sentence women

कोर्ट के आदेश पर दोषी महिला अपराधी को आठ दिसम्बर के दिन मृत्युदंड दिया जाएगा।उल्लेखनीय है कि अमेरिका में मृत्युदंड के लिए फाँसी नहीं बल्कि जहरीला इंजेक्शन लगाया जाता है।जिसके चलते कुछ मिनटों में सजा पाए अपराधी की मौत हो जाती है।

रिपोट्स के अनुसार अमेरिका में आख़री बार किसी महिला अपराधी को साल 1953 में सजा-ए-मौत दी गई थी।

Tags:

Related Posts

Latest News

Fatehpur News: जब फहमीदा ने पूछा- कहां गई योगी सरकार? दबंगों की धमकी से घर छोड़ने को मजबूर दंपति, पुलिस पर संरक्षण देने का आरोप Fatehpur News: जब फहमीदा ने पूछा- कहां गई योगी सरकार? दबंगों की धमकी से घर छोड़ने को मजबूर दंपति, पुलिस पर संरक्षण देने का आरोप
फतेहपुर में फहमीदा बानो ने पड़ोसियों पर मकान की दीवार और छत क्षतिग्रस्त करने, कब्जे की कोशिश, मारपीट और धमकी...
Fatehpur News: फतेहपुर में भाजपा नेता अवधेश मिश्रा पर करोड़ों की धोखाधड़ी के आरोप, डीएम से शिकायत
Uttar Pradesh: फतेहपुर मेडिकल कॉलेज में करोड़ों खर्च, फिर भी MRI और CT Scan नहीं ! असुविधाओं से जूझ रहे मरीज
Fatehpur News: व्यापारी कुंभ में फतेहपुर से जाएंगे 100 व्यापारी, 20 गाड़ियों से लखनऊ कूच की तैयारी, बैठक में बनी रणनीति
आज का राशिफल 09 अगस्त 2026: इन राशियों के जातकों को रहना होगा सावधान, जानें सभी 12 राशियों का दैनिक भाग्यफल
Unnao News: 28 साल पहले जिस बेटे की हो गई थी तेरहवीं, वह अचानक जिंदा घर लौटा, मां से मिल छलक पड़े आंसू
Baidyanath Dham Jyotirlinga: रोगों से मुक्ति दिलाने वाले बाबा बैद्यनाथ धाम का क्या है रावण से संबंध? जानिए ज्योतिर्लिंग की महिमा

Follow Us