Driving Anxiety Symptoms: क्या आपके भी मन में कार चलाते-चलाते आते हैं नकारात्मक विचार ! कहीं आप भी तो ड्राइविंग एंजायटी से पीड़ित नहीं
Driving Phobia Symptoms
एंजायटी एक तरह का मानसिक विकार (Mental Disorders) है, यदि यह चीज किसी के दिमाग में उत्पन्न हो जाए तो उसे हर समय नेगेटिव बातें (Negative Thoughts) ही परेशान करती हैं वास्तविकता में एंजायटी (Anxiety) मानसिक और शारीरिक रूप से किसी भी इंसान को परेशान कर सकती हैं. ऐसे में ड्राइविंग के दौरान इस मानसिक विकार का सामना करना पड़ता है जिसे ड्राइविंग एंजायटी कहते हैं.
ड्राइविंग एंजायटी क्या बला है?
ऐसे में एक सवाल सवाल उठना लाजिमी है कि आखिरकार ड्राइविंग एंजायटी (Driving Anxiety) क्या बला है और कैसे पता करेंगे कि किसी सामने वाले को इस तरह की कोई समस्या है, तो आपको बता दे की सड़क पर कार चलते समय जब किसी व्यक्ति को ऐसा बार-बार डर लगता है, कि उसकी गाड़ी से किसी के साथ दुर्घटना (Accident) हो जाएगी या वह अपनी गाड़ी को कहीं लड़ा देगा. इस तरह के प्रश्न चालक के मन में जब आते हैं तो इसे ही ड्राइविंग एंजायटी कहते हैं. इसके अलावा गाड़ी चलाने के दौरान घबराहट होना या दिन के बजाय रात में गाड़ी चलाना, अकेले गाड़ी चलाने में डरना, हाथ में पसीना आना, सुनसान रास्तों पर गाड़ी सीखना यह भी एक तरह का ड्राइविंग एंजायटी है.
ड्राइविंग के दौरान मन में पैदा होने वाला डर ही ड्राइविंग एंजायटी
अमूमन ड्राइविंग एंजायटी (Driving Anxiety) की वजह से कार चालक (Car Driver) की हृदय गति काफी तेज हो जाती है और उसके अंदर एक घबराहट से पैदा हो जाती है, जिसके चलते वह अपनी गाड़ी को रोड के किनारे खड़ी करके गहरी-गहरी सांस लेने लगता है, जब वह सड़क के किनारे एकांत में पहुंचता है तो खुद को अकेला महसूस हो तो ऐसे में इस तरह के लक्षण होने के बाद इसे हल्के में ना लेते हुए तुरंत ही अपने डॉक्टर से संपर्क (Consult Doctor) करें.
बिना मेहनत के शरीर से पसीना निकलना

कभी-कभी यह दिमाग की वजह पाचन क्रिया पर करता है असर
यह सारी समस्याओं का संबंध सीधा दिमाग से होता है इसलिए इस तरह के लक्षण होने पर अमूमन लोग साइकाईटरिस्ट या न्यूरो के पास जाकर अपना इलाज करवाते हैं, लेकिन कभी-कभी ऐसा भी होता है कि इस तरह की समस्या होने से इसका असर सीधा उस व्यक्ति के पाचन क्रिया पर भी होता है. मसलन पेट में ऐंठन दर्द जैसी समस्याएं होने लगती है यह भी एक तरह की ड्राइविंग एंजायटी का लक्षण (Symptom) है, कुल मिलाकर डर न सिर्फ मानसिक स्वास्थ्य है बल्कि शरीर पर भी इसका गहरा असर पड़ता है जिसमें पेट दर्द होना एक आम बात है इस समस्या से बचने के लिए जितना हो सके डर को खुद पर ना हावी होने दे.
लक्षण होने पर क्या करे (Driving Phobia)
अब ऐसे में एक सवाल यह उठता है कि खुद कैसे जाने की वह ड्राइविंग एंजायटी से पीड़ित है. ऐसे में अगर आपको लगता है कि आप इस तरह के डिसऑर्डर से पीड़ित है तो अपने कार स्टीयरिंग (Car Steering) को टाइट नहीं बल्कि बिल्कुल ढीला पकड़े.
इसके साथ ही अपना ध्यान किसी और तरफ आकर्षित करें जितना हो सके अपने मन को एकाग्र करते रहे कोशिश यह करें कि आप किसी तरह की कोई टेंशन दिमाग में मत लाएं. अच्छे गीत सुन सकते है. जिससे कि आपको ड्राइविंग एंजायटी (Driving Anxiety) अपना शिकार न बना सके. इसके बावजूद भी ज्यादा अगर समस्या होती है तो अपनी कार को रोड के किनारे खड़ी कर इसकी जानकारी अपने सहयोगी को देते हुए तुरंत ही डॉक्टर से संपर्क करें.
