×
विज्ञापन

कोरोना:अपने ही बयान पर घिर गए हैं सीएम योगी..प्रियंका ने दागे हैं कई सवाल..!

विज्ञापन

सीएम योगी के एक बयान से सियासी घमासान मच गया है..क्या है पूरा मामला..पढ़े युगान्तर प्रवाह की इस रिपोर्ट में..

लखनऊ:कोरोना संक्रमण को लेकर सीएम योगी द्वारा दिया गया एक बयान चर्चा में है।इस बयान के बाद कांग्रेस की महासचिव प्रियंका गाँधी ने सरकार व सीएम योगी से 6 सवाल पूछे हैं।

क्या है पूरा मामला..

बीबीसी में प्रकाशित एक रिपोर्ट के अनुसार बीते 24 मई को सीएम योगी ने एक वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए कहा कि प्रदेश में अब तक 23 लाख प्रवासी कामगार और श्रमिकों को दूसरे राज्यों से लाया गया है।इनमें बसों, ट्रेनों और निजी वाहनों से आने वाले लोग भी शामिल हैं।

योगी आदित्यनाथ ने आगे कहा, ''मुंबई से आने वाले जो भी कामगार हैं उनमें से 75 फ़ीसदी ऐसे हैं जिनमें संक्रमण है।दिल्ली से आने वाले कामगारों में 50 फ़ीसदी ऐसे हैं जिनमें संक्रमण है।अन्य राज्यों से आने वालों में 20 से 30 फीसदी लोग व्यापक संक्रमण की चपेट में हैं। हमारे लिए एक चुनौती बनी हुई है लेकिन मज़बूती के साथ हमारी टीमें पूरी तरह जुटी हुई हैं।''

ये भी पढ़े-लॉकडाउन:अघोषित बिजली कटौती से बर्बाद हो रही है किसानों की फ़सल..!

सीएम योगी के इसी बयान पर कॉंग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने सवाल उठाए हैं उन्होंने ट्वीट करते हुए कहा है कि-

''मुख्यमंत्रीजी के बयान के आधार पर इनमें से महाराष्ट्र से लौटे हुए 75%, दिल्ली से लौटे हुए 50% और अन्य प्रदेशों से लौटे 25% लोग कोरोना से संक्रमित हैं।क्या मुख्यमंत्री जी का मतलब है कि उप्र में 10 लाख से अधिक लोग कोरोना से संक्रमित हैं? मगर उनकी सरकार के आँकड़े तो संक्रमण की संख्या 6228 बता रहे हैं।''

ये भी पढ़े-मौसम:क्या है नौतपा जिसके चलते आग उगलने लगा है सूरज..!

प्रियंका गांधी के ट्वीट के बाद लोगों ने भी सीएम योगी के बयान पर सवाल उठाते हुए कहा कि सीएम योगी ने किस आधार पर ये आंकड़े बताए हैं।यदि सीएम की बात सही है तो फिर प्रदेश में संक्रमण का आँकड़ा इतना कम क्यों है।क्या सरकार कोरोना के आंकड़े छिपा रही है।

आपको बता दे कि स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ़ से जारी हुए आंकड़ो के अनुसार यूपी में कोरोना संक्रमण के कुल मामले 6268 हैं।और अब तक 161 लोगों की मौत हो चुकी है।अब तक 3538 लोग इलाज से ठीक भी हो चुके हैं।

प्रिंयका गांधी ने ट्वीट कर पूछे हैं ये सवाल..

1-संक्रमण के आंकड़े का आधार क्या है? लौटे हुए प्रवासियों में संक्रमण का ये प्रतिशत आया कहां से?

2-और यदि ऐसा है तो इतने कम टेस्ट क्यों हो रहे हैं?

3-ये आंकड़े उप्र सरकार के अन्य आंकड़ों की तरह ही अप्रमाणित और गैरज़िम्मेदार हैं ?

4-अगर मुख्यमंत्री जी के बयान में सच्चाई है तो सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ टेस्टिंग, संक्रमण के डेटा और अन्य तैयारियों को जनता से साझा करे

5-और यह भी बताए कि संक्रमण पर क़ाबू पाने की क्या तैयारी है?


युगान्तर प्रवाह एक निष्पक्ष पत्रकारिता का संस्थान है इसे बचाए रखने के लिए हमारा सहयोग करें। पेमेंट करने के लिए वेबसाइट में दी गई यूपीआई आईडी को कॉपी करें।