
lockdown:फतेहपुर में एक पिता को है दो महीने से..अपने बेटे के शव का इंतजार..!
फतेहपुर ज़िले में रहने वाले पीताम्बर लाल को अपने बेटे के शव का क़रीब दो महीने से इंतजार है..लेक़िन लॉकडाउन के चलते शव नहीं मिल पा रहा है..क्या है पूरा मामला..पढ़े युगान्तर प्रवाह की ये रिपोर्ट..
फतेहपुर:कोरोना वायरस के चलते लगाए गए लॉकडाउन के चलते जहां एक ओर संक्रमण को बढ़ने से रोका गया है वहीं दूसरी ओर इस लॉकडाउन के चलते कई लोगों को इतनी भारी मुशीबतों को सामना करना पड़ रहा है।जिसका अंदाजा शायद हम और आप न लगा सकें।

इसी लॉकडाउन के चलते एक पिता अपने पुत्र का अंतिम संस्कार करने के लिए उसके शव का क़रीब दो महीने से इंतजार कर रहा है।

जय नरायण की मौत की सूचना भारत में उसके परिजनों तक पहुँची।जिसके बाद परिवारी जनों का हाल बेहाल हो गया।अब बारी आई शव को भारत लाने की।लेकिन कई तरह की जरूरी क़ानूनी कार्यवाही पूरी होने पर कुछ एक दिनों का समय लग गया औऱ इसी बीच कोरोना ने भारत में तेज़ी के साथ दस्तक देनी शुरू कर दी।और भारत सरकार ने सभी तरह के विदेशी आवागमन को पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया।

फतेहपुर में मृतक जयनरायण के पिता लगातार प्रशासनिक सहयोग के लिए ऑफिसों के चक्कर लगा रहे हैं।उन्होंने सऊदी अरब में भारतीय दूतावास के लिए भी पत्राचार के माध्यम से शपथ पत्र सहित आवश्यक कागजात जरिए ईमेल भेजे हैं।लेकिन अब तक कोई संतोषजनक उत्तर नहीं प्राप्त हो सका है।

नीरज ने बताया कि मृतक जयनारायण जिस मुरीद(ठेकेदार) के अंडर में काम करता था मैंने उससे बात की तो उसने बताया कि आप यहाँ के भारतीय दूतावास में सम्पर्क करिए जैसे ही वहाँ से अनुमति हो जाएगी शव को भेज दिया जाएगा।

